बाराबंकी। बबुरी गांव के लोग दहशत में हैं, यहां के लोग जल्द से जल्द गांव खाली कर सुरक्षित स्थान पर पहुंचे में लगे हुए हैं। कोई गृहस्थी को समेट परिवार सहित सुरक्षित स्थान पर पहुंच रहा है तो कोई अपना पक्का मकान तोड़ता दिखाई दे रहा है, क्योंकि सरयू नदी की धारा ने जिस तरह से गांव के अपने निशाने पर लिया है उससे लोगों में खौफ है।
बाढ़ पीड़ित अनिल कुमार बताते हैं कि देखते ही देखते नदी हमारे घर के पास आ गई और हम लोग कुछ नहीं कर सके। जल्दी में सिर्फ अपना सामान बटोर पाए। इसी बीच देखा कि मकान का कुछ हिस्सा नदी में समा रहा है तो आनन-फानन मेें मकान खाली कर परिवार सहित भाग खड़े हुए।
बाढ़ पीड़ित सुमित मिश्रा बताते हैं कि जब हम लोग शाम को सोने जा रहे थे इसी वक्त देखा की नदी का पानी तेजी से हम लोगों के घरों की ओर आ रहा है। किसी तरीके से घर खाली कर परिवार को स्कूल में पहुंचाया। मंगलवार की सुबह गांव वालों की मदद से दीवारों को तोड़कर ईटे निकालने की कोशिश की गई। गांव के छह परिवार प्राथमिक विद्यालय में शरण लिए हुए हैं। अन्य लोग भी सुरक्षित स्थानों की ओर परिवार के साथ पहुंचने लगे हैं। तहसीलदार भूपेंद्र विक्रम सिंह ने बताया कि बाढ़ पीड़ितों की यथा संभव मदद की जा रही है 60 परिवारों में राहत किटों का वितरण किया गया है।
खतरे के निशान से 20 सेमी नीचे
सरयू नदी का जलस्तर तेजी से घट रहा है। नदी का पानी खतरे के निशान से करीब 20 सेंटीमीटर नीचे बह रहा है। घटते बढ़ते जलस्तर को देखकर यहां के लोगों की समस्या जस की तस बनी हुई है। वही सिरौलीगौसपुर तहसील क्षेत्र में तेलवारी, गोबरहा, कुड़वा, कहरान पुरवा गांव के पास कटान शुरू हो गई है और लोगों के खेतों को काट रही है।