विशुनपुर/कुर्सी (बाराबंकी)। जीवनदायिनी कल्याणी नदी के पुनरोद्धार कार्य के तीसरे चरण का शुभारंभ क्षेत्रीय विधायक व सीडीओ द्वारा तहसील क्षेत्र के ग्राम टांडा निजाम अली व निंदूरा क्षेत्र के ग्राम बुढना के पास से किया गया। नदी को उसके असली स्वरूप में लाने के लिए बुढ़ना गांव में 2500 मीटर का कार्य करीब 29 लाख तो टांडा निजाम अली गांव में 7 लाख की लागत से 800 मीटर का पुनरुद्धार का कार्य शुरू किया गया है।
फतेहपुर क्षेत्र के ग्राम टांडा निजाम अली गांव के पास कल्याणी नदी पुुनरुद्धार का तीसरे चरण के कार्य का शुभारंभ पूजा अर्चना के साथ किया गया। क्षेत्रीय विधायक साकेंद्र प्रताप वर्मा ने कहा कि यह नदी बाराबंकी की पहचान है। जिसके अस्तित्व को कभी भी मिटने नहीं दिया जाएगा। कल्याणी नदी जीवन का आधार है। कल्याणी के विषय में देश के प्रधानमंत्री भी मन की बात में चर्चा कर चुके हैं।
सीडीओ एकता सिंह ने कहा कि जो मनरेगा मजदूर कल्याणी के विकास में योगदान कर रहे हैं यह उनके लिए भी पुण्य का कार्य है। सीतापुर की सीमा से लेकर अयोध्या जिले की सीमा तक जिले के अंदर से होकर गुजरी इस 173 किलोमीटर लंबी कल्याणी नदी के पुनर्जीवित होने से तीनों जिलों के किसानों को लाभ मिलेगा। इस मौके पर डीसी मनरेगा एनके द्विवेदी, एसडीएम पंकज सिंह, बीडीओ हेमंत यादव, मुनेश कुमार मौजूद रहे।
राज्यपाल ने किया था पौधरोपण
3 मार्च 2020 को फतेहपुर ब्लॉक के होली पुरवा से कल्याणी नदी के पुुनरुद्धार का कार्य प्रारंभ हुआ था। कार्य की प्रगति को देखते हुए प्रधानमंत्री ने मन की बात में कल्याणी नदी का जिक्र किया था। इसके बाद छह जुलाई 2020 को राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने भी कल्याणी को देखकर उसके तटबंध पर पौधरोपण किया था।
जून माह तक पूरा होगा काम
फतेहपुर क्षेत्र के ग्राम टांडा निजाम अली में कल्याणी नदी का 800 मीटर पुुनरुद्धार का कार्य शनिवार को प्रारंभ किया गया। बीडीओ हेमंत कुमार ने बताया कि इसके पश्चात टीकापुर, टेडवा, हसनपुर टांडा, पटना, कुतूबापुर, रौजा, भैसुरिया मुजाहिदपुर व ररिया गांव के पास से होकर गुजरी नदी की खुदाई का कार्य किया जाएगा। यह काम जून तक पूरा करने का प्रयास है।