बाराबंकी। बीते तीन दिनों से दिन में रुक-रुककर हो रही बारिश धान की फसल के लिए अमृत समान है। किसानों को बारिश से काफी राहत है। वहीं बारिश के दौरान जर्जर व कच्चे मार्गों से चलना मुश्किल हो गया है। सफेदाबाद में हाईवे की सर्विस लेन में पानी भर गया।
मंगलवार को सुबह और दोपहर में झमाझम बारिश हुई। सिद्धौर के अलुआमऊ के पास हुई बारिश के दौरान खेतों में ऐसा दृश्य देखने को मिला, मानों मोती गिर रहे हों। किसान राम कुमार ने बताया कि माइनर में पानी बहुत कम आता है। 10 दिन पहले धान की रोपाई पंपिंग सेट से खेत में पानी भर कर की थी, अब बारिश का पानी धान की फसल के लिए अमृत समान है।
त्रिवेदीगंज ब्लॉक के त्रिलोकपुर गांव के शनि मिश्र ने बताया कि उनके पास भी सिंचाई के लिए नहर का साधन है। नहर में पानी समय से न मिलने पर रोपाई विलंब से हुई। अब बारिश ने सिंचाई की समस्या कम कर दी। रामसनेहीघाट प्रतिनिधि के अनुसार मंगलवार को झमाझम बारिश हुई। खेतों में किसान रोपाई करते नजर आए। कोटवा सड़क के किसान राम सुरेश, कल्लू प्रसाद, मनोरथ, मंशाराम, नौमीलाल और रामबहादुर ने बताया कि सिंचाई पर होने वाला अतिरिक्त खर्च भी बचेगा। फसल भी अच्छी होगी।
कीचड़ और जलभराव से परेशानी
शहर के मोहल्ला लक्ष्मणपुरी, बाल विहार और आवास विकास में कई स्थानों पर पानी भर गया। इससे लोगों को आवागमन में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। लखनऊ अयोध्या मार्ग पर पैसार, पल्हरी, सफदरगंज और कोटवा सड़क व सफेदाबाद के पास पानी भरा है। इससे वाहनों के आवागमन में परेशानी होती है।
श्रमदान से मार्ग पर लगाया खड़ंजा
सिरौलीगौसपुर के हातापुरवा मजरे पंजरौली के ग्रामीणों ने गांव को मुख्य मार्ग से जोड़ने वाले जर्जर मार्ग पर कीचड़ के कारण श्रमदान कर खड़ंजा लगाया। गांव के शिवम वर्मा, महेंद्र, अमन, अमित, लवलेश वर्मा आदि मंगलवार को श्रमदान करते दिखे। ग्रामीणों ने बताया कि गांव तक जाने का पक्का मार्ग नहीं है। बीडीओ संजीव गुप्ता ने कहा कि मार्ग बनवाया जाएगा।