प्रमुख सचिव राजस्व सुरेश चन्द्रा ने शुक्रवार को डीआरडीए के गांधी सभागार में अधिकारियों के साथ बैठक कर विकास कार्यों की समीक्षा की। इस दौरान खामियां पाए जाने पर उनमें सुधार के निर्देश संबंधित विभागों के अधिकारियों को दिए। बैठक के बाद प्रमुख सचिव निर्माणाधीन दो परियोजनाओं का निरीक्षण करने केडी सिंह बाबू स्टेडियम पहुंचे। यहां पर छात्रावास का निर्माण कराया जा रहा है। निर्माणाधीन कार्य की गुणवत्ता काफी खराब होने और कार्य में पीर्ली इंट प्रयोग किए जाने पर प्रमुख सचिव भड़क उठे और कार्यदायी संस्था के खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि पूरे मामले की तकनीकी जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
प्रमुख सचिव राजस्व राजधानी लखनऊ से सीधे ढाई बजे बाराबंकी पहुंचे। कुछ देर लोक निर्माण विभाग के गेस्ट हाउस में रुकने के बाद तीन बजे वह कलेक्ट्रेट स्थित डीआरडीए के गांधी सभागार पहुंचे। प्रमुख सचिव ने निर्माणाधीन परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए कहा कि जो कार्य चल रहे हैं, उन्हें मार्च तक हर हाल में पूरा कर लिया जाए। इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रमुख सचिव ने राजस्व वसूली की समीक्षा करते हुए कहा कि राजस्व वसूली की प्रगति और बढ़ाई जाए। इसके बाद उन्होंने लोहिया समग्र गांव, किसानों के लिए संचालित योजनाओं, उद्यान विभाग द्वारा किसानों के लिए संचालित की जाने वाली योजनाओं, प्रसाधन, हैंडपंप, राशन वितरण, विद्युत आपूर्ति, नहराें और नलकूपों की स्थिति की समीक्षा की। इस दौरान जो कमियां पाई गईं उनमें सुधार के निर्देश संबंधित विभागों के अधिकारियों को दिए गए।
इसके बाद प्रमुख सचिव केडी सिंह बाबू स्टेडियम में बनवाए जा रहे छात्रावास का निरीक्षण करने पहुंच गए। इस दौरान पाया कि बेहद घटिया निर्माण किया जा रहा है। मानकों को ताक पर ईंट का प्रयोग किया जा रहा है। इस दौरान उन्होंने एक ईंट तोड़कर भी देखी तो वह एकदम घटिया पाई गई। जिस पर जिलाधिकारी को इसकी जांच कराकर कार्रवाई के आदेश दिए। इसके बाद वह राजकीय इंटर कॉलेज मैदान में बनाए गए ऑडिटोरियम को देखने पहुंचे। ऑडिटोरियम की गुणवत्ता देख प्रमुख सचिव ने संतोष व्यक्त किया। इस मौके पर मुख्य विकास अधिकारी ऋषिरेन्द्र कुमार, एडीएम हरिकेश चौरसिया, डीडीओ एके सिंह, एसडीएम सदर नीलम यादव, प्रशिक्षु आईएएस अर्चना वर्मा आदि अन्य विभागों के अधिकारी भी मौजूद रहे।