रामनगर। कोतवाली क्षेत्र के कटियारा स्थित ग्रीन हॉस्पिटल में ऑपरेशन से प्रसव होने के 15 घंटे बाद एक प्रसूता की मौत हो गई। मृतका के परिजनों ने अस्पताल के चिकित्साकर्मियों पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। पुलिस ने मामला शांत कराया। शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
रजनापुर गांव निवासी बबलू ने बताया कि उन्होंने अपनी पत्नी लक्ष्मी (27) को मंगलवार शाम प्रसव पीड़ा होने पर ग्रीन हॉस्पिटल में भर्ती कराया था। जहां रात करीब आठ बजे ऑपरेशन से लक्ष्मी ने एक बच्ची को जन्म दिया। ऑपरेशन के बाद लक्ष्मी की हालत बिगड़ने लगी। बबलू के अनुसार काफी देर तक हालत में सुधार न होने पर अस्पताल प्रबंधन ने जिला अस्पताल रेफर करने की बात कही, लेकिन रेफर नहीं किया। रात में तबीयत और ज्यादा खराब हो गई, जिसके बाद बुधवार दोपहर में उसे रेफर किया गया। लक्ष्मी ने जिला अस्पताल पहुंचने से पहले ही रास्ते में दम तोड़ दिया।
पति बबलू ने आरोप लगाया कि यदि लक्ष्मी को मंगलवार की रात को ही जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया होता, तो शायद उसकी जान बच सकती थी। प्रसूता की मौत के खबर मिलते ही परिजन और रिश्तेदार ग्रीन हॉस्पिटल पहुंचे और इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए ऑपरेशन करने वाले चिकित्सक पर कार्रवाई की मांग करने लगे। करीब डेढ़ घंटे तक अस्पताल में हंगामा चलता रहा। इसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस ने परिजनों को आश्वस्त किया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। जानकारी पाकर एसीएमओ (अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी) डॉ. एलबी गुप्ता भी अस्पताल पहुंचे। उन्होंने बताया कि पूरे मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।