टायर फटने से अनियंत्रित हुई कार एक विद्युत पोल से टकरा गई, जिससे पोल टूट गया। इस कारण क्षेत्र के करीब 50 गांवों की बिजली गुल हो गई। इसकी सूचना ग्रामीणों ने पावर कॉर्पोरेशन के अधिकारियों को दी लेकिन शाम तक कोई कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंचा।
शाम होते ही करीब 50 गांव की करीब 40 हजार आबादी अंधरे में डूब गई। सतरिख-बाराबंकी मार्ग पर छेदानगर गांव के पास शुक्रवार दोपहर एक कार का टायर फट गया, जिससे अनियंत्रित कार विद्युत पोल से टकराकर पलट गई। हादसे में कोई घायल नहीं हुआ लेकिन पोल टूटने से तार भी टूट गए और बिजली गुल हो गई।
पास के ही अर्जुन यादव, कमलेश कुमार, करन सिंह आदि ग्रामीणों ने इसकी सूचना पावर कॉर्पोरेशन के अधिकारियों को दी। सूचना के छह घंटे बाद भी कोई कर्मचारी मौके पर देखने तक नहीं पहुंचा। विद्युत लाइन दुरुस्त नहीं होने से शाम होते ही सभी गांव अंधेरे में डूब गए, जिससे करीब 40 हजार की आबादी प्रभावित है।
ग्रामीणों का कहना है कि मौजूदा समय में विश्वविद्यालीय व पॉलिटेक्निक की प्रवेश परीक्षाओं के लिए छात्र-छात्राएं तैयारी में लगे है। ऐसे में बिजली न मिलने से लोगों को ढिबरी का सहारा लेना पड़ेगा। बिजली न मिलने से गर्मी के कारण किसान परेशान है।