बाराबंकी। सुढ़ियामऊ कस्बे में एक व्यापारी के आवास एवं ग्रामीण बैंक में सोमवार तड़के लूटपाट करने पहुंचे बदमाशों ने विरोध करने पर चौकीदार की हत्या कर दी। बैंक शाखा व्यापारी के आवासीय भवन के एक हिस्से में है। घटना के दौरान व्यापारी के एक भाई ने असलहे से लैस एक बदमाश को खड़े देखा तो दरवाजे बंद कर लिए। खटपट की आवाज पर बदमाश भाग निकले। सूचना के करीब डेढ़ घंटे बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच की लेकिन बदमाशों का सुराग नहीं लग सका। एसपी व एएसपी ने भी घटनास्थल का जायजा लिया। जांच के लिए पुलिस की चार टीमें सक्रिय की गई हैं।
यह घटना रामनगर थाना क्षेत्र के कस्बा सुढ़ियामऊ निवासी गल्ला व्यापारी मंशाराम जायसवाल के आवासीय भवन की दूसरी मंजिल पर स्थित आर्यावर्त ग्रामीण बैंक की शाखा में हुई। मंशाराम व परिवार के लोग ग्वालियर में हैं। उनके छोटे बेटे राकेश अपने परिवार के साथ भवन के एक हिस्से में रहते हैं। भवन की रखवाली 45 वर्षों से गांव का शंभू रावत (55) कर रहा था। वह रात में छत पर सोता था। सोमवार सुबह करीब पौने छह बजे राकेश ने अपने कमरे का दरवाजा खोला तो सामने के बरामदे में दीवार से सटा एक नकाबपोश खड़ा था। उसके हाथ में असलहा भी था। बदमाश को देख राकेश ने कमरे का दरवाजा अंदर से बंद कर लिया। बाराबंकी शहर में रहने वाले बड़े भाई मनोज जायसवाल व कुछ अन्य लोगों को फोन पर सूचना दी। मनोज ने मदद के लिए डॉयल 112 पर कॉल करने की कोशिश की लेकिन सफलता नहीं मिली तो रामनगर थाने के सीयूजी नंबर पर फोन कर जानकारी दी।
परिवारीजनों के मुताबिक सूचना के करीब डेढ़ घंटे बाद पुलिस मौके पर पहुंची जबकि थाना वहां से महज 11 किलोमीटर दूर है। इससे पहले आहट सुन बदमाश घर के पीछे बाउंड्री पर लगी सीढ़ी के सहारे कूद कर भाग गए। बदमाश यह सीढ़ी साथ ही लाए थे जो मौके पर लगी मिली। इसके बाद पुलिस की जांच में छत पर चौकीदार शंभू का शव मिला। उसके मुंह से खून निकला था। चोट के निशान थे। गला गमछे से कसा था। उसका चश्मा भी टूटा पड़ा था। आशंका जताई जा रही है कि विरोध करने पर बदमाशों ने गला दबाकर शंभू की हत्या कर दी। राकेश जायसवाल ने बताया कि घर के एक कमरे को बदमाशो ने खंगाला जिसमें कपड़े बिखरे पड़े थे लेकिन कोई सामान गायब नहीं है।