फतेहपुर (बाराबंकी)। फतेहपुर ब्लाक के आठ परिषदीय विद्यालयों की पेयरिंग कर वहां पढ़ने वाले बच्चों को दूसरे गांवों में संचालित विद्यालयों में शिफ्ट किया गया है। दूसरे गांवों में स्थिति इन स्कूलों में जाने से आधे से ज्यादा बच्चे कतरा रहे हैं। इनमें से कई विद्यालयों की दूरी एक किलोमीटर से भी ज्यादा है। ऐसे में सुनसान रास्तों से हो कर स्कूल तक पहुंचने में उन्हें कुत्ते, बंदर व आवार पशुओं का डर सताता है। अभिभावक भी अपने बच्चों की सुरक्षा को लेकर परेशान हैं। पेयरिंग किए गए प्राथमिक विद्यालय इब्राहिमपुर में 27 बच्चे पंजीकृत थे। जिनको करीब एक किलोमीटर की दूरी पर स्थित है प्राथमिक विद्यालय धरौली में समायोजित किया गया है। गांव से विद्यालय जाने वाले रास्ते का काफी इलाका सुनसान में पड़ता है, वही रास्ते के किनारे दो बड़े तालाब भी हैं। बच्चे जब घर से निकलते हैं।
इसके चलते बच्चों के स्कूल से वापस न लौटने तक परिजन उनकी सलामती को लेकर परेशान रहते हैं। वहीं प्राथमिक विद्यालय तिलरन को ग्राम रोजा में पेयर किया गया है। इन दोनों विद्यालयों की दूरी विभागीय स्तर पर आठ सौ मीटर बताई जा रही है जबकि जमीनी तौर यह दूरी एक किलोमीटर से ज्यादा है।