घने कोहरे के बीच वाहनों की लाइट जलाकर जाते लोग
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मौसम का मिजाज सोमवार की भोर यकायक बदल गया। पारा सात डिग्री सेल्सियस गिरने से भीषण ठंड लोगों ने महसूस की। धूप भी देर से निकली तो गर्माहट भी कम रही। राहत के लिए लोग घरों में ही दुबके रहे तो बाहर रहे लोग ठंड से ठिठुरते रहे। अलाव की व्यवस्था नहीं होने से राहगीरों व आम आदमी को काफी परेशानी उठानी पड़ी।
शीतलहरी नश्तर की तरह सुबह चुभती रही। शाम ढलते भी फिर से गलन के साथ ठंड शुरू हो गई। पटरी दुकानदारों ने आसपास की लकड़ी जला कर ठंड से राहत पाने की कोशिश की। अलाव नहीं जलने से श्रमिक व आम आदमी ठंड से हलकान रहे।
सोमवार की भोर से ही मौसम का मिजाज अचानक बदल गया। भीषण कोहरा और बह रही शीतलहरी के चलते जनजीवन अस्तव्यस्त रहा। सर्द हवाएं नश्तर की तरह चुभती रहीं। अधिकतम पारा सात डिग्री गिर कर 18 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। तेज ठंड के चलते लोग घरों में ही दुबके रहे।
सुबह करीब 11 बजे के बाद धूप हल्की धूप निकली। लेकिन दोपहर भर मौसम का मिजाज ठंड रहा। शाम ढलते ही फिर से ठंड का कहर शुरू हो गया। अलाव की व्यवस्था नहीं होने पर देवा तिराहा, रेलवे स्टेशन, बस स्टॉप सहित सभी जगहों पर राहगीर, श्रमिक, टेंपो व रिक्शा चालक ठंड से ठिठुरते रहे।
पटरी दुकानदारों ने ठंड से राहत पाने के लिए आसपास की लकड़ी जला कर राहत पाने की कोशिश की। शाम से ही काफी तेज ठंड रही। जिसके चलते लोग घरों में ही दुबके रहे। मौसम विज्ञान विभाग कुमारगंज फैजाबाद के तकनीकी अधिकारी डॉ. एएन मिश्र ने बताया कि मंगलवार को ठंड में बढ़ोतरी होगी।