बाराबंकी। स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही एक बार फिर खुलकर सामने आ गई है। मरीजों को इलाज के लिए आईं जीवनरक्षक कई दवाएं मुख्य स्टोर में एक्सपायर हो गई। इन दवाओं में एंटीबायोटिक और कैल्शियम जैसी महत्वपूर्ण गोलियां शामिल हैं। इनकी संख्या हजारों में है।
यही नहीं जिला अस्पताल से लेकर सीएचसी व पीएचसी पर दवाओं की क्या स्थिति है इसकी जानकारी भी जिम्मेदारों के पास ठीक से नहीं है। यह हालात तब हैं जब कुछ महीने पहले डिप्टी सीएम ने डंप पड़ी लाखों की दवाएं पकड़कर पूरे प्रदेश में इन हालातों पर तुरंत अंकुश लगाने के निर्देश दिए थे। अब एक्सपायर दवाओं की वापसी के लिए पत्र लिखा गया है।
लखनऊ-अयोध्या हाईवे पर असेनी के निकट ड्रग्सवेयर हाउस का गोदाम है। यहां से जिले के सभी सीएचसी को दवाओं की आपूर्ति की जाती है और नामित फर्में गोदाम तक दवाएं पहुुंचाने का कार्य करती हैं। विभाग की लापरवाही का आलम ये रहा कि एल्प्राजोलॉम की करीब 4000 गोलियां, सिप्लेक्सिजम की करीब 6200 गोलियां और कैल्शियम के 50 इंजेक्शन रखे-रखे एक्सपायर हो गए।
डॉक्टरों के अनुसार एल्प्राजोलॉम नींद की दवा है जबकि सिप्लेक्सिजम एंटीबायोटिक और कैल्शियम इंजेक्शन हड्डियों की मजबूती के लिए होता है। सूत्र बताते हैं कि जब इस बात की जानकारी विभाग को हुई तो इनकी वापसी के लिए आपूर्ति करने वाली फर्मों को पत्र लिखा गया है। मगर आपूर्ति करने वाली फर्मों ने इन दवाओं को वापस लेना मुनासिब नहीं समझा और ये दवाएं आज भी गोदाम में वैसे ही लगी हुई हैं।
इस प्रकरण के बाद से विभाग सतर्क हो गया है और फर्मों द्वारा आपूर्ति की जा रहीं दवाओं की एक्सपायरी देखकर ही उन्हें रिसीव कर रहा है। इस बाबत ड्रग्सवेयर हाउस प्रभारी तिलकराम कन्नौजिया का कहना है कि जो दवाएं एक्सपायर हो गई हैं उन्हें अलग रखा दिया गया है। दवाओं की आपूर्ति करने वाली फर्मों को इन्हें वापस लेने के लिए पत्र लिखा गया है।
अस्पताल में बढ़ी वायरल के मरीजों की संख्या
बाराबंकी। मौसम में उतार चढ़ाव के चलते अस्पताल में भी मरीजों की भीड़ बढ़ती जा रही है। सोमवार को जिला अस्पताल में सबसे ज्यादा वायरल बुखार से पीड़ित मरीज आए। इसके अलावा सर्दी, जुकाम, पेट दर्द के भी मरीज पहुंचे। डायरिया के तीन मरीज भर्ती किए गए हैं।
चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राजेश कुशवाहा ने बताया कि जिला अस्पताल में सोमवार को करीब 1400 मरीज देखे गए। इनमें सबसे ज्यादा मरीज वायरल बुखार के रहे। वहीं तीन मरीज डायरिया के पाए गए जिन्हें भर्ती कराकर उपचार कराया जा रहा है। संवाद