बाराबंकी। लखनऊ से अयोध्या अपने घर के लिए निकले एक निजी कंपनी के मैनेजर को रास्ते में कार सवार बदमाशों ने लिफ्ट देकर बैठा लिया। इसके बाद बाराबंकी में सफदरगंज थाना क्षेत्र में हाईवे पर पहुंचते ही बदमाशों ने मैनेजर से तमंचे के बल पर आठ हजार की नकदी, लैपटॉप आदि सामान लूट लिया।
इसके बाद पीड़ित जब लूट की रिपोर्ट दर्ज कराने थाने पहुंचा तो पहले तो उसे घटना लखनऊ में होने की बात कही गई इसके बाद तहरीर बदलकर चोरी की रिपोर्ट दर्ज करवाने की सलाह दी जाने लगी। हैरत की बात यह है कि बदमाशों का पता लगाना तो छोड़िए पुलिस ने अभी तक घटना की रिपोर्ट तक दर्ज नहीं की है। पीड़ित ने एसपी से न्याय की गुहार लगाई है।
अयोध्या जिले के सिविल लाइन मोहल्ला निवासी विवेक सिंह ने बताया कि वह लखनऊ में एक निजी कंपनी में बतौर मैनेजर काम करते हैं। इनका कहना है कि शुक्रवार की रात यह लखनऊ से घर जाने के लिए निकले थे। इस दौरान कमता चौराहे पर सफेद रंग की एक बोलेरो सवार तीन लोगों ने उनको लिफ्ट देते हुए बैठा लिया।
इसके बाद जब वह बाराबंकी जिले के रसौली कस्बे के पास पहुंचे तो वाहन रोककर उनके कान में तमंचा सटाते हुए जो भी नकदी व सामान था उसे ले लिया। पीड़ित ने बताया कि उसके पास रही आठ हजार की नकदी व लैपटॉप लूट लिया गया है। इसके बाद आरोपी पीड़ित को सड़क किनारे जबरन उतारकर भाग निकले। इसके बाद जब पीड़ित सफदरगंज थाने शिकायत लेकर पहुंचा तो पहले तो उससे कहा गया कि घटना लखनऊ की है वहां जाओ।
कुछ देर बाद जब पीड़ित ने एसपी को मामले की जानकारी दी तो पुलिस ने प्रार्थना पत्र तो लिया लेकिन कहा जाने लगा कि सामान चोरी होने की तहरीर दो तभी केस दर्ज होगा। इसके बाद पीड़ित एसपी से मिलने की बात कहकर थाने से लौट आया। ऐसे में यह बात साफ है कि हाईवे पर किस तरह की पुलिसिंग हो रही है और पीड़ितों की सुनवाई का क्या हाल है। एसपी यमुना प्रसाद ने मामले में जांच कर उचित कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।