हैदरगढ़ (बाराबंकी)। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की मतदाता सूची में मनमाने तरीके से नाम बढ़वाना इस बार आसान नहीं होगा। पंचायत चुनाव की सूची के साथ ही इस बार बीएलओ को विधानसभा क्षेत्र की मतदाता सूची भी दी जा रही है, जिससे मिलान करने के बाद भी सूची में नया नाम जोड़ा अथवा हटाया जाएगा। एक से अधिक जगह मतदाता का समान विवरण मिलने वाले नाम पहले ही सूची से हटाए जा चुके हैं।
पांच साल पहले हुए त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में ब्लॉक सिद्धौर में 84,957, हैदरगढ़ में 74,040 व त्रिवेदीगंज में 70,652 मतदाता थे। तीनों ब्लॉक के कुल 2,29,649 मतदाता के सापेक्ष दो साल बाद वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव में विधान सभा हैदरगढ़ में कुल मतदाताओं की संख्या 3,50,458 हो गई थी। जबकि विधानसभा क्षेत्र में ब्लॉक सिद्धौर का आंशिक क्षेत्र ही शामिल है।
ब्लॉक का अधिककांश क्षेत्र विधानसभा जैदपुर में आता है। ऐसे में विधान सभा की अपेक्षा पंचायत चुनाव में मतदाताओं की संख्या काफी बढ़ जाती है। आयोग के निर्देशानुसार इस बार पुनरीक्षण के दौरान आगामी पंचायत चुनाव के लिए तैयार होने वाली सूची को विधानसभा की मतदाता सूची से मिलान कराने के बाद तैयार किया जाएगा।
विधानसभा मतदाता सूची में किसी का नाम नहीं होने पर पंचायत मतदाता सूची में नाम जोड़ने के लिए वोटर को आयोग द्वारा निर्देशित साक्ष्य के साथ किसी अन्य जगह मतदाता नहीं होने का शपथ पत्र भी देना जरूरी होगा। इससे पंचायत चुनाव में दावेदारों द्वारा मनमाने तरीके से सूची में अपना नाम बढ़वाना आसान नहीं होगा। एसडीएम राजेश कुमार विश्वकर्मा ने बताया कि पुनरीक्षण के दौरान पारदर्शिता बरतने के लिए आयोग के निर्देशानुसार पंचायत चुनाव मतदाता सूची के साथ विधानसभा मतदाता सूची भी बीएलओ को दी जा रही है।