लखनऊ। इटौंजा की तुर्की गांव निवासी लापता नवविवाहिता हिमांशी कश्यप ने आत्महत्या की थी। इसके बाद उसके पति प्रदीप व सास सुनीता गौड़ ने शव इंदिरा नहर में फेंक दिया था। यह खुलासा आरोपी प्रदीप ने पूछताछ में किया है। शुक्रवार को कागजात पूरे न होने से शव का पोस्टमार्टम नहीं हो सका।
एसीपी बख्शी का तालाब विकास पांडेय ने बताया कि इटौंजा पुलिस हिमांशी के पति प्रदीप, सास सुनीता और ननद राखी से पूछताछ कर रही है। प्रदीप का कहना है कि 12 जुलाई की सुबह हिमांशी ने घर पर फंदा लगा लिया था। इसके बाद उसने मां के साथ हिमांशी का शव नगराम स्थित इंदिरा नहर में फेंक दिया। फिर प्रदीप ने बंथरा निवासी परिचित के घर कार खड़ी की और मां व बहन के साथ अमरनाथ यात्रा पर चला गया। एसीपी ने बताया कि शनिवार को पोस्टमॉर्टम के बाद मौत की सही वजह पता चल सकेगी। फिलहाल दहेज हत्या के अलावा साक्ष्य छिपाने की धारा भी बढ़ाई जा रही है। हिमांशी मूल रूप से सीतापुर की शहर कोतवाली की रहने वाली थीं।