बाराबंकी। भीषण गर्मी और लू से जनजीवन बेहाल है। मंगलवार को जिले का अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। चिलचिलाती धूप और गर्म हवाओं (लू) के कारण दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा पसर गया, जिससे आम जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त नजर आया।
गर्मी का सबसे बुरा असर स्कूली बच्चों पर पड़ रहा है। परिषदीय विद्यालयों में छुट्टी का समय दोपहर 12:30 बजे निर्धारित है, लेकिन उस वक्त भी धूप इतनी तेज होती है कि नौनिहाल सिर को गमछे, दुपट्टे और छाते से ढककर घर लौटने को मजबूर हैं। वहीं, ग्रामीण क्षेत्रों विशेषकर सिरौलीगौसपुर तहसील के कोटवाधाम क्षेत्र में अधिकांश तालाब सूख चुके हैं। पानी की तलाश में बेजुबान पशु-पक्षी प्यास से व्याकुल होकर इधर-उधर भटक रहे हैं।
डॉ. राजेश कुमार कुशवाहा ने बताया कि तेज बुखार, चक्कर आना, मतली और त्वचा का गर्म होना इसके प्रमुख लक्षण हैं। नियमित अंतराल पर पानी, नींबू पानी या ओआरएस का घोल पीते रहें। हल्के रंग के सूती कपड़े पहनें और दोपहर 12 से तीन बजे के बीच अनावश्यक बाहर न निकलें। मौसम विभाग के अनुसार, अगले कुछ दिनों तक गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद नहीं है और तापमान 45-46 डिग्री तक जा सकता है।