बाराबंकी। डेंगू का कहर चरम पर है। इस रोग की चपेट में आकर आए दिन लोगों की जान जा रही है। सोमवार को डेंगू जैसे लक्षणों की चपेट में आकर दो अधिवक्ताओं समेत पांच लोगों की मौत हो गई। जबकि 13 लोग डेंगू जैसे लक्षणों और तेज बुखार से पीड़ित पाए गए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद परिजनों ने मरीजों को अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया है। इस तरह से जिले में अब 26 लोगों की जान डेंगू जैसे लक्षणों की चपेट में आकर जा चुकी है। मगर विभाग रोग पर नियंत्रण नहीं लगा पा रहा है।
कोटवा के रहने वाले वरिष्ठ अधिवक्ता शिवकुमार शर्मा, रसौली कटरा के रहने वाले अधिवक्ता विनोद कुमार पिछले कई दिनों से तेज बुखार से पीड़ित थे। हालत बिगड़ने पर परिजनों ने लखनऊ के निजी अस्पतालों में भर्ती कराया था। वहां जांच में डेंगू जैसे लक्षण पाए गए थे। सोमवार को दोनों की इलाज के दौरान मौत हो गई।
इसके अलावा टिकैतनगर कस्बे की सुधा जैन पत्नी राकेश जैन की हालत बिगड़ने पर परिजनों ने लखनऊ के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वहां पर डेंगू जैसे लक्षणों की पुष्टि के बाद उपचार शुरू किया गया था लेकिन उनकी मौत हो गई।
इसी प्रकार कस्बा टिकैतगंज निवासी सलमान और बांसा निवासी रामप्रकाश की हालत बिगड़ने पर परिजनों ने लखनऊ के निजी अस्पतालों में भर्ती कराया। परिजनों के अनुसार जांच में डेंगू जैसे लक्षणों की पुष्टि के बाद उपचार किया जा रहा था कि सोमवार को मौत हो गई। जबकि 13 लोग पीड़ित पाए गए हैं।
इनमें टिकैतनगर के रहने वाले सुमिरन सिंह, अनुज कुमार, परी, दरियाबाद के अद्या प्रसाद, प्रीति, रंजीत, शिखा, रश्मि, पीरबटावन के शादाब समेत करीब 13 लोग डेंगू और तेज बुुखार जैसे लक्षणों से पीड़ित पाए गए हैं। इनका उपचार अलग-अलग अस्पतालों में चल रहा है।
इस तरह से जिले में डेंगू जैसे लक्षणों से अब तक 26 लोगों की मौत हो चुकी है और रोग पर नियंत्रण के लिए विभाग की सभी तैयारियां बेकार साबित हो रही हैं। वहीं अस्पताल में दवाई के लिए तो पैथालॉजी पर जांच कराने के लिए लोगों की भीड़ लगातार बढ़ती जा रही है।
दो अधिवक्ताओं समेत पांच लोगों की मौत का मामला संज्ञान में आया है। संबंधित क्षेत्र के सीएचसी अधीक्षकों को भेजकर जांच कराई जाएगी। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। डेंगू की रोकथाम के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। सभी अधिकारी फील्ड में जाकर लोगों को रोग से बचाव के प्रति जागरूक करने का कार्य कर रहे हैं।
-डॉ. अवधेश कुमार यादव, सीएमओ