बाराबंकी में तेज धूप में कुछ इस तरह गर्मी से बचते हुए निकलीं युवतियां।
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शनिवार की सुबह से ही तेज धूप ने कहर बरसाना शुरू कर दिया। दोपहर में मानों आसमान में आग बरस रही हो। पारा भी 43 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया। जिससे आम जनजीवन पूरी तरह से प्रभावित रहा। दोपहर को सड़क व बाजार में सन्नाटा पसरा रहा। स्कूल से लौटने के दौरान बच्चे धूप से हलकान रहे।
दोपहर में घर से निकले लोग गमछों, स्टॉल व छातों के सहारे ही रहे। शाम को सूरज ढलने पर लोगों ने गर्मी से राहत महसूस की। वहीं भीषण गर्मी को देखते हुए डीएम ने कक्षा एक से आठ तक सभी स्कूलों(सरकारी और निजी) का समय अब सुबह सात से 11 बजे कर दिया है।
मध्य अप्रैल में ही भीषण गर्मी शुरू हो गई है। शनिवार की सुबह से ही मौसम का मिजाज काफी तल्ख रहा। दोपहर तक सूरज सिर पर पहुंच गया साथ ही उसकी तल्खी भी काफी अधिक रही। आसमान से मानों आग बरस रही है। इससे बचने के लिए लोग घरों में ही दुबके रहे।
लोगों ने गर्मी से राहत के लिए पेड़ों की छांव का सहारा लिया। शनिवार को तापमान अधिकतम 43.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया जो सामान्य से 4 डिग्री अधिक रहा। न्यूनतम तापमान 22.5 डिग्री सेल्सियस रहा। यह भी सामान्य से 2 डिग्री अधिक रहा। आर्र्दता अधिकतम 47 फीसद व न्यूनतम 24 फीसद रही जबकि हवा 5.4 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से बही।