निंदूरा (बाराबंकी)। क्षेत्र के बढ़ाईडीह गांव में मारपीट में घायल हुए एक व्यक्ति की दो माह बाद इलाज के दौरान लखनऊ में बृहस्पतिवार को मौत हो गई। इसके बाद परिजनों ने आरोपियों की गिरफ्तारी व आर्थिक सहायता की मांग को लेकर शव को सड़क पर रखकर मार्ग जाम कर प्रदर्शन शुरु कर दिया। मौके पर पहुंचे एसडीएम फतेहपुर ने परिजनों को समझा कर किसी तरह प्रदर्शन समाप्त कराया।
घुंघटेर थाना क्षेत्र के बढ़ाईडीह निवासी खुशीराम गौतम व पड़ोस के हरिनाम यादव के बीच 12 नवंबर को पटाखे फोड़ने को लेकर विवाद हुआ था। आरोपियों ने खुशीराम को मारापीटा था। पुलिस ने मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया था। वहीं घायल खुशीराम को लखनऊ स्थित ट्राॅमा सेंटर में भर्ती कराया गया था। इलाज के दौरान ही बुधवार की शाम खुशीराम की उसकी मौत हो गई।
पोस्टमार्टम होने के बाद बृहस्पतिवार को शव पहुंचने पर परिजनों ने घुंघटेर थाने के निकट शव सड़क पर रख दिया और प्रदर्शन करने लगे। पुलिस परिजनों को मनाने में जुटी रही, लेकिन वह आरोपियों को गिरफ्तार करने और मृतक के परिवार को आर्थिक सहायता की मांग को लेकर डटे रहे। सूचना पर शाम सात बजे पहुंचे उपजिलाधिकारी फतेहपुर पवन कुमार ने परिजनों को हरसंभव मदद का आश्वासन देकर धरना प्रदर्शन समाप्त कराया।
एसडीएम ने बताया कि मारपीट में घायल व्यक्ति की दो माह बाद मौत हो गई थी। आरोपियों की गिरफ्तारी व आर्थिक सहायता की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे, जिन्हें समझा कर प्रदर्शन समाप्त करा दिया गया है। प्रदर्शन को देखते हुए कुर्सी, बड्डूपुर सहित तीन थानों की पुलिस मौजूद रही।