यूपी बोर्ड परीक्षा के लिए पहले ही दिन केंद्र व्यवस्थापकों की घोर लापरवाही उजागर हुई। केंद्र जीआईसी सुबेहा में हाईस्कूल की उत्तर पुस्तिकाओं के बनाए गए बंडल में केंद्र व्यवस्थापक द्वारा दो विषयों की उत्तर पुस्तिकाओं को एक ही बंडल में बांध कर जमा करा दिया। मामला संज्ञान में आने पर डीआईओएस ने केंद्र व्यवस्थापक व अन्य शिक्षकों की मौजूदगी में प्रशासन की अनुमति से दोनों विषयों के अलग-अलग बंडल बनवाए। साथ ही केंद्र व्यवस्थापक को कड़ी चेतावनी भी दी गई है।
यूपी बोर्ड परीक्षा में पहले दिन बृहस्पतिवार को हुई परीक्षा में पहली पाली में हाईस्कूल के हिंदी केवल प्रश्नपत्र (विषय कोड-801) व प्रारंभिक हिंदी केवल प्रश्नपत्र (विषय कोड-802) की परीक्षा हुई। राजकीय इंटर कॉलेज सुबेहा के केंद्र व्यवस्थापक ननबुद्धि भारती की लापरवाही से इन दोनों विषयों की उत्तर पुस्तिकाओं को एक ही बंडल में सील कर दिया गया। देर रात बंडल जमा करने के दौरान जब विषय कोड-802 की उत्तर पुस्तिकाओं का बंडल नहीं जमा किया गया तो हड़कंप मचा। इसकी सूचना जिला विद्यालय निरीक्षक को दी गई। विभाग के लोगों की मानें तो इस केंद्र पर हाईस्कूल में हिंदी केवल प्रश्नपत्र (विषय कोड-801) के 317 परीक्षार्थी आवंटित थे जिसमें से 281 ने और प्रारंभिक हिंदी केवल प्रश्नपत्र (विषय कोड-802) में 10 परीक्षार्थी आवंटित थे जिसमें से 8 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी। केंद्र व्यवस्थापक ने इन दोनों विषयों की उत्तर पुस्तिकाओं को एक ही बंडल में बांध दिया। जबकि दोनों विषयों के बंडल अलग-अलग होने चाहिए थे।
जिला विद्यालय निरीक्षक रामशरण सिंह ने पूरे प्रकरण की जानकारी जिलाधिकारी को दी। डीएम के निर्देश पर शुक्रवार सुबह केंद्र व्यवस्थापक ननबुद्धि भारती सहित कई शिक्षकों की उपस्थिति में बंडल खुलवा कर उन्हें अलग-अलग कराया गया। इस दौरान पूरे मामले की वीडियोग्राफी भी कराई गई। डीआईओएस रामशरण सिंह ने बताया कि केंद्र व्यवस्थापक की लापरवाही से यह समस्या आई है। केंद्र व्यवस्थापक को इस संबंध में चेतावनी भी दी गई है।