बाराबंकी से संपर्क टूटने के कारण ग्रामीण बहराइच की ओर पलायन कर रहे हैं। गांव में कटान तेज होने की जानकारी के बाद भी प्रशासनिक अधिकारी वहां नहीं पहुंचे।
घाघरा का जल स्तर लाल निशान से आठ सेमी नीचे पहुंच गया है जिससेनदी के तटवर्ती गांवों के ग्रामीणों में दहशत है। टिकैतनगर क्षेत्र में भी तीन गांवों पर कटान का खतरा बढ़ गया है।
घाघरा का जलस्तर घट रहा है। मंगलवार शाम नदी का जलस्तर लाल निशान से आठ सेमी नीचे 105.996 मीटर दर्ज किया गया। नदी के घटने से तटवर्ती क्षेत्रों में कटान तेज होने के डर से ग्रामीणों में दहशत है।
विकास सूरतगंज के ग्राम खुज्झी में कटान और तेज हो गई है। गांव के राम भरत व राम अचल के घर नदी में समा गए। कटान का खतरा भांपते हुए दोनों घरों के लोगों ने पहले ही अपना सामान सुरक्षित स्थान पर पहुंचा दिया था। साथ गांव के जगतपाल, भीम, राम दयाल, हरिलाल, रामजीत, राधे, राम अवध व मुन्नालाल के घरों में घाघरा का पानी घुस गया है।