एक महिला द्बारा कराये जा रहे निर्माण को ग्राम प्रधान ने अपने सर्मथकों के साथ पहुंच कर गिरा दिया। जिस समय प्रधान द्वारा यह काम किया जा रहा था उस समय वहां पर पुलिस भी मौजूद थी लेकिन उसके बाद पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। पीड़िता ने मामले की शिकायत एसडीएम व एसओ से की है। जिसके बाद एसडीएम ने मामले मेें आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई करने का निर्देश पुलिस को दिया है।
मामला थाना दरियाबाद क्षेत्र के ग्राम जेठौती राजपूतान का है यहां की निवासी शिवदेवी पत्नी स्व. रामसजीवन यादव का आरोप है कि गांव में उनके द्वारा वर्ष 2007 में यहां के निवासी शिवपूजन से जमीन खरीदी गई थी। जिस पर वह इस समय मकान का निर्माण करवा रही थी। ग्राम प्रधान अमित सिंह ने अपने सैकड़ों सर्मथकों के साथ पहुंचकर इस निर्माणधीन मकान को गिरवा दिया। रोकने पर दबंगों ने मौके पर मौजूद पीड़िता और उसकी बेटी आरती की पिटाई कर दी। मकान गिराते समय ही ग्रामीणों ने इसकी सूचना पुलिस को दी जिसके बाद मौके पर पहुंचे दरोगा अजय सिंह भीड़ को तमाशबीन बने देखते रहे। पीड़िता ने थानाध्यक्ष दरियाबाद रत्नेश सिंह व एसडीएम रामसनेही घाट प्रभाकांत अवस्थी को इस बात की जानकारी दी। जिसके बाद एसओ व एसडीएम ने मौके पर पहुंचकर मामले की जानकारी ली।
पीड़ित महिला ने ग्राम प्रधान अमित सिंह, देशराज पारसनाथ, कज्जल, बेदप्रकाश सहित कई नामजद व अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने के लिए थाने पर तहरीर दी है। इस संबंध में एसडीएम रामसनेही घाट प्रभाकांत अवस्थी ने बताया कि मौके पर जाकर जांच की गई है। एसडीएम ने कहा लेखपाल से पूरे मामले की रिपोर्ट मांगी गई थी। लेखपाल के मना करने के बावजूद ग्राम प्रधान ने मनमानी कर निर्माण गिराया है। एसडीएम ने कहा मामले में मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई के लिए एसओ दरियाबाद को निर्देशित कर दिया गया है।