बस स्टेशन के निकट संचालित एक रेस्टोरेंट का पनीर एफएसडीए द्वारा कराई गई जांच में मानकों पर खरा नहीं उतारा। इसके अलावा आइसक्रीम, दूध की बर्फी, मिश्रित दूध समेत करीब 18 नमूना जांच में फेल हो गए हैं। प्रयोगशाला से जांच रिपोर्ट आने के बाद सभी विक्रेताओं को नोटिस जारी करते हुए जवाब तलब किया है।
बस स्टेशन के निकट रजवाड़ा रेस्टोरेंट का संचालन किया जा रहा है। मई 2016 में एफएसडीए द्वारा चलाए गए अभियान में यहां से पनीर का नमूना भरकर जांच के लिए भेजा गया। जांच में यह नमूना मानकों पर खरा नहीं उतारा और अधोमानक पाया गया है। कफील की आइसक्रीम और कुल्फी, रामनगर के बलराम का सरसों का तेल, टीपहार के अरविंद का खोया भी जांच में अधोमानक पाया गया है।
इसी प्रकार बदोसरायं के अरविंद के यहां से भरा गया स्प्राइट कोल्ड, जोशीटोला फतेहपुर से संजीव गुप्ता के यहां से भरा गया साफ्ट ड्रिंक, मसौली के वकील यादव का मिश्रित दूध, जयपुरिया के निकट संचालित पंजाबी ढाबा का बेसन, बिशुनपुर के मौर्या ढाबा का बटर, आदर्शनगर के नफीस का पनीर, पचघरा के रवीन्द्र शुक्ला की दूध की बर्फी भी जांच में खरी नहीं उतरी है।
वहीं सुरवारी के महेश के यहां से भरा गया शिवा कुकीज बिस्कुट, भगौली के अवधेश से मिश्रित दूध, त्रिलोकपुर के अंकित गुप्ता के यहां से चाय, मसौली के फरहान का पनीर, यहीं के रामदयाल का मिश्रित दूध और नवाबगंज के रिंकू का मिश्रित दूध जांच में अधोमानक पाया गया है। जांच रिपोर्ट आने के बाद एफएसडीए ने कार्रवाई शुरू कर दी है।
एक रेस्टोरेंट समेत कई नूमनों की रिपोर्ट आई है। इनमें से सभी नमूने मानकों पर खरे नहीं उतरे हैं और अधोमानक पाए गए हैं। इनके विक्रेताआें को नोटिस भेजकर जवाब तलब किया जा रहा है। -मनोज कुमार वर्मा, अभिहीत अधिकारी