उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा आयोजित आबकारी सिपाही भर्ती परीक्षा रविवार को 8177 परीक्षार्थियों ने छोड़ दी। लगभग 67 फीसदी ही परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हो सके। शहर में एक साथ करीब 17 हजार परीक्षार्थियों के आने से चौराहों पर सुबह, दोपहर व शाम को जाम की स्थिति बनी रही। जिसके चलते लोगों को जाम की समस्या से जूझना पड़ा।
आबकारी सिपाही बनने की तमन्ना लिए पूरी तैयारी के साथ 16895 परीक्षार्थी जनपद में विभिन्न केंद्रों पर पहुंचे। अचानक परीक्षार्थियों के आने से कई जगहों पर जाम की स्थिति बनी रही। बतातें चलें कि उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा आबकारी सिपाही भर्ती परीक्षा के पहली पाली में 12 हजार 536 व दूसरी पाली में भी इतने ही परीक्षार्थी आवंटित थे। इन परीक्षार्थियों के लिए 20 परीक्षा केंद्र बनाए गए।
पहली पाली व दूसरी पाली में 8177 परीक्षार्थियों की परीक्षा छूट गई। बस्ती जनपद से आए ओमकार का केंद्र बाबा गुरुकुल एकेडमी में था। लेकिन वह केंद्र पर करीब 10 मिनट लेट होने से पहली पाली में शामिल नहीं हो सके। हरदोई से आए कमल कुमार का केंद्र शिवराम सिंह आवासीय इंटर कॉलेज में था। कानपुर व लखनऊ में जाम के चलते यह भी परीक्षा केंद्र पर समय से नहीं पहुंच सके। जिससे इनकी भी परीक्षा छूट गई।
दो घंटा पहले ही केंद्र पर पहुंचे परीक्षार्थी
गैर जनपदों से आए परीक्षार्थी सुबह सात बजे से ही रेलवे व बस स्टेशन पर पहुंचने लगे थे। चाय नाश्ता करने के बाद वह भी सुबह साढ़े आठ बजे से केंद्रों पर पहुंचना शुरू हो गए। जबकि परीक्षा सुबह साढ़े दस बजे से थी। इस दौरान परीक्षार्थी तैयारी का रिवीजन करने में लगे रहे।
जगह-जगह लगा रहा जाम
शहर में एक साथ करीब 17 हजार परीक्षार्थी व उनके अभिभावकों के आने से कई जगहों पर जाम की स्थिति रही। देवा तिराहा, बस स्टॉप, रेलवे स्टेशन चौराहा, जीआईसी के सामाने, जनेस्मा के सामाने व नाका सतरिख आदि कई जगहों पर सुबह, दोपहर में शाम में जाम की स्थिति रही। जिसके चलते लोगों को घंटों जाम की समस्या से जूझना पड़ा।
जिले के 20 परीक्षा केंद्रों पर आबकारी सिपाही की भर्ती परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। इस दौरान करीब 8177 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। परीक्षा के दौरान सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए। -अनिल कुमार सिंह, एडीएम