बाराबंकी। तय कीमत में किसानों को उर्वरक उपलब्ध कराने के लिए मंगलवार को डीएम के आदेश पर जिले में जांच की गई। इस दौरान तहसीलवार टीमों ने 60 दुकानों पर छापा मारकर पड़ताल की। इस दौरान खाद के 16 नमूने लिए गए। दो उर्वरक विक्रेताओं का लाइसेंस निलंबित करने का साथ एक अन्य लाइसेंस निरस्त कर दिया गया। आठ विक्रेताओं को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया।
तहसील नवाबगंज में उप कृषि निदेशक अनिल कुमार सागर ने अपर जिला सहकारी अधिकारी के साथ 15 दुकानों पर पड़ताल करने के साथ चार नमूने लिए। फतेहपुर में जिला कृषि अधिकारी संजीव कुमार ने अपर जिला सहकारी अधिकारी फतेहपुर के साथ 16 दुकानों पर जांच की और छह नमूने लिए। बेलहरा स्थित एक एग्रो सेंटर के अभिलेख न मिलने पर उसका लाइसेंस निलंबित कर दिया गया है। नूर हसन खाद भंडार सौरंगा एक माह पहले मृत्यु हो जाने के कारण लाइसेंस निरस्त कर दिया गया है। एमके ट्रेडर्स बेलहरा के अभिलेख अपूर्ण होने पर कारण बताओ नोटिस दिया गया। रामनगर में जिला कृषि रक्षा अधिकारी प्रीति किरन बाजपेयी ने अपर जिला सहकारी अधिकारी रामनगर के साथ सात दुकानों की जांच कर तीन नमूने लिए।
रामसनेहीघाट व सिरौलीगौसपुर में भूमि संरक्षण अधिकारी कुर्सी ने 12 उर्वरक की दुकानों पर छापेमारी कर एक नमूना लिया। वहीं वर्मा खाद भंडार पंजरौली, यश ट्रेडर्स बदोसराय, मौर्या खाद भंडार बदोसराय, वर्मा खाद भंडार मालिनपुर तथा किसान खाद भंडार मालिनपुर के बंद होने पर कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। हैदरगढ़ में भूमि संरक्षण अधिकारी ने अपर जिला सहकारी अधिकारी के साथ 10 दुकानों की पड़ताल कर दो नमूने लिए। इस दौरान गुप्ता खाद भंडार रसूलपुर द्वारा कोई अभिलेख न प्रस्तुत करने पर उनका लाइसेंस निलंबित कर दिया। रामकुमार राममिलन खाद भंडार हैदरगढ़ व दीक्षित खाद भंडार हैदरगढ़ बंद मिलने पर कारण बताओ नोटिस जारी की है।