बाराबंकी। शहर के विकास पर अगले एक वर्ष में 96.53 करोड़ रुपये खर्च होंगे। हर वार्ड में अब डाेर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन होगा। इतना ही नहीं नगर की सफाई और सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी अब 500 सीसीटीवी कैमरे करेंगे। इसी के साथ नवाबगंज का नाम बदलकर बाराबंकी करने पर भी सदस्यों ने सहमति दी। नगर पालिका की बोर्ड बैठक में अगले एक वर्ष में आय करीब 90 करोड़ रुपये प्रस्तावित की गई है।
नगर पालिका अध्यक्ष शीला सिंह वर्मा ने सोमवार को सबसे पहले बैठक कक्षों का फीता काटकर उद्घाटन किया। एजेंडा पेश करते हुए बताया कि वर्ष 2023-24 की अनुमानित आय 91.30 करोड़ प्रस्तावित थी, जिसके सापेक्ष जनवरी 2024 तक 45.18 करोड़ की आय हुई। वर्ष 2024-25 की आय 91.30 करोड़ रुपये प्रस्तावित है। चालू वर्ष में प्रस्तावित 89.96 करोड़ के सापेक्ष अब तक 43.83 करोड़ रुपये खर्च हो चुके हैं। अगले वित्तीय वर्ष में व्यय का लक्ष्य 90.27 करोड़ रुपये प्रस्तावित किया गया।
सभासदों से प्रस्तावों पर चर्चा के बाद ईओ संजय शुक्ला ने बताया कि हर वार्ड में घर-घर कूड़ा एकत्र करने के लिए 90 ई रिक्शा खरीदने का प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। सफाई की निगरानी के लिए 500 सीसीटीवी लगाए जाएंगे। प्रकाश व्यवस्था दुरुस्त कराने के लिए नई स्ट्रीट लाइट लगाई जाएंगी। प्रदेश में कई नगर पालिका का नवाबगंज होने के चलते यहां का नाम बदलने का प्रस्ताव रखा गया, जिसे सभी सदस्यों ने सहमति दी।
इसी के साथ वर्ष 2024 में 24 नए शौचालय निर्मित कराने पर सहमति बनी। इस मौके पर विधायक प्रतिनिधि सुरेंद्र सिंह वर्मा, सभासद सुशील गुप्ता, पंकज मिश्रा, ताज बाबा राईन, फैसल, अरुण कुमार यादव, शिवकुमार वर्मा, शिवा, ताम्र ध्वजानंद, कमलेश चौबे, दिनेश वैश्य, जियालाल, अधुलिका सिंह, गीता मौर्या समेत तमाम लोग मौजूद रहे।
ये भी आए प्रस्ताव
- गृहकर जलकर का बकाया जमा करने के लिए ओटीएस लागू करें।
- 2012 में हुए गलत कर निर्धारण को सही कराया जाए।
- ओवरी में श्मशान घाट की बाउंड्री, आवास विकास में लाइब्रेरी बनाई जाए।
- बंदरों के आतंक से निपटने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएं।
- गैस कंपनी टोरेंट को पुराने गड्ढों को भरे बिना नए काम की अनुमति न दी जाए।