बाराबंकी। बारिश और तेज हवा से चरमराई बिजली व्यवस्था आठ दिन बाद भी पूरी तरह बहाल नहीं हो सकी है। जिले के 36 गांव अब भी अंधेरे में हैं। इससे उपभोक्ताओं को परेशानी हो रही है। वहीं शहर में अघोषित बिजली कटौती से भी लोग परेशान हैं।
कोटवाधाम प्रतिनिधि के अनुसार, रामनगर डिवीजन का खजुरी फीडर सबसे अधिक प्रभावित है। मधनापुर गांव के पास बिजली का खंभा टूटकर गिर गया है और कई जगह तार टूटे पड़े हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि आठ दिन बाद भी मरम्मत नहीं हुई। खजुरी, अद्रा धामापुर, चिकापुर समेत 33 से अधिक गांवों की आपूर्ति ठप है। ग्रामीण अनुल नाग, अशोक कुमार, देवेंद्र तिवारी और हरिद्वार सिंह ने शिकायतों के बावजूद आपूर्ति बहाल न होने की बात कही। एसडीओ राजवीर सिंह ने बताया कि कई स्थानों पर मरम्मत चल रही है और जल्द आपूर्ति सुचारू होगी।
दरियाबाद ग्रामीण उपकेंद्र के अकबरपुर फीडर की स्थिति भी खराब है। 13 से अधिक गांव बिजली संकट से जूझ रहे हैं। अधीक्षण अभियंता भविष्य कुमार ने बताया कि कई टीमें दिन-रात टूटे पोल बदलने में लगी हैं।
आठ दिन बाद नहीं लगे बिजली के खंभे
त्रिलोकपुर। ग्राम पंचायत पीतमपुर मजरे डड़ियामऊ में बारिश और हवा से दो बिजली के खंभे गिर गए थे। आठ दिन बाद भी खंभे नहीं बदले गए और आपूर्ति ठप है। अमर सिंह समेत करीब 50 ग्रामीणों ने उपकेंद्र और 1912 पर शिकायत की। ग्रामीणों ने रामनगर विद्युत वितरण खंड के एसडीओ पर मोबाइल नंबर ब्लॉक करने का आरोप लगाया। बिजली न होने से बच्चों की पढ़ाई और घरेलू काम प्रभावित हैं। जेई अजीत यादव ने बताया कि काम चल रहा है और जल्द आपूर्ति बहाल होगी।