बाराबंकी। राइस मिलर्स की लापरवाही और एफसीआई की मनमानी से करीब 13 हजार मीट्रिक टन सरकारी चावल राइस मिलों में डंप पड़ा है। निर्धारित समय सीमा बीत जाने के बाद इसे अब एफसीआई लेने को तैयार नहीं। ऐसे में विभागीय अधिकारी खासे परेशान हैं, क्योंकि यदि सरकारी चावल गोदाम तक नहीं पहुंचा तो उन पर कार्रवाई तय है।
राइस मिलों को तैयार किए गए सरकारी चावल को एफसीआई गोदाम को 30 अप्रैल तक हर हाल में भेज दिया जाना था। आरोप है कि एफसीआई में श्रमिकों की कमी बताकर समय से चावल लदे ट्रकों को अनलोड नहीं किया गया तो राइस मिलर्स ने सरकारी चावल भेजने में रुचि नहीं दिखाई। नतीजा यह रहा कि समय सीमा बीत गई और करीब 13 हजार चावल राइस मिलों में ही पड़ रहा गया। जिला खाद्य विपणन अधिकारी राजीव कुलश्रेष्ठ का कहना है कि तकनीकी कारणों से करीब 13 हजार एमटी चावल एफसीआई गोदाम तक नहीं पहुंच सका है। समय सीमा बढ़ाने के लिए शासन को पत्र लिखा गया है।