आहट न मिलने पर उन्होंने पुलिस को फोन किया। मौके पर पहुंचे चौकी इंचार्ज कालू कुआं संतलाल ने दरवाजा पर धक्का देकर उसे खोला, तो अंदर वह फंदे से लटका मिला। रिंकू के चाचा छोटेराम ने बताया कि रिंकू पांच माह पहले से बांदा में किराए का कमरा लेकर रह रहा था।
वियोग में फंदा लगाकर दी जान
वह यहां मजदूरी करता था। दो भाइयों में बड़ा था। अविवाहित था। माता रानी व पिता मनमोहन यादव का निधन हो चुका है। वह गांव भी कम आता जाता था। यहां बांदा आने में पता चला कि कोई महिला उसके साथ कमरे में रहती थी। उसके चले जाने से वियोग में उसने फंदा लगाया है।
पांच महीने से दोनों एक साथ कमरे में रह रहे थे
चौकी इंचार्ज संतलाल ने बताया कि प्रथम दृष्टया खुदकुशी है। एक महिला उसके साथ रहती थी। उसकी तलाश की जा रही है। मकान मालकिन ने बताया कि पांच महीने से वह दोनों एक साथ कमरे में रह रहे थे। शव का पोस्टमार्टम कराया गया है।