बांदा। बारिश और उमस से बुखार और डायरिया के साथ-साथ चर्म रोग के भी मरीज बढ़ गए हैं। सोमवार को जिला अस्पताल स्थित आयुष भवन में चर्म रोगियों की लाइन लगी रही। प्रत्येक डॉक्टर की ओपीडी में 50 से अधिक चर्म रोगियों ने इलाज कराया।
जिला अस्पताल में सभी डॉक्टरों की ओपीडी में तकरीबन 300 मरीज चर्म रोग का इलाज कराने आए। सितंबर की शुरूआत से ही चर्म रोग में इजाफा हो रहा है। नमी और उमस के चलते शरीर पर लाल चक्कतों के साथ खुजली की समस्या हो रही है। सोमवार को आयुष भवन में तीन डॉक्टरों की ओपीडी में ज्यादातर चर्म रोग के मरीज आए। लगभग 150 रोगियों ने इलाज कराया। इसी तरह जिला अस्पताल की ओपीडी में भी चर्म रोग के 150 मरीज पहुंचे।
ढीले व सूती कपड़ों का करें प्रयोग
आयुष भवन में तैनात डॉ. शाहिद खान ने बताया कि इस मौसम में उमस के चलते पसीना अधिक निकलता है। पसीने की वजह से शरीर में फंगल इंफेक्शन हो सकता है। ओपीडी में 50 से अधिक मरीज चर्म रोग के आए। बताया कि इस मौसम में ढीले कपड़े पहनें। सूती वस्त्र का ज्यादा प्रयोग करें। खूब पानी पीयें, जिससे पसीना निकलने पर भी पानी की कमी न हो। शरीर पर अगर लाल चक्कते या दाद या खुजली हो रही है तो डॉक्टर से संपर्क करें।