बांदा। प्रशासन ने खरीफ फसल की खरीद की तैयारियां शुरू की गईं हैं। जिले में पहली बार पहली अक्तूबर से ज्वार-बाजरा की खरीद होगी। उधर, पहली नवंबर से धान की भी खरीद शुरू की जाएगी। धान की खरीद के लिए 44 व ज्वार-बाजरा की खरीद के लिए सात क्रय केंद्र स्थापित किए जाएंगे।
कृषि विभाग के अधिकारियों के मुताबिक जिले में 47,791 हेक्टेयर में धान व श्री अन्न योजना के तहत मोटे अनाज ज्वार, बाजार आदि की बुआई की गई है। मोटे अनाज की फसल अक्टूबर में व धान की फसल नवंबर माह में तैयार हो जाएगी। शासन के आदेश पर जिला प्रशासन ने धान व मोटे अनाज की खरीद के लिए तैयारियां शुरू कर दी है। जिलाधिकारी दुर्गा शक्ति नागपाल ने धान के 22 व ज्वार के पांच व बाजरा के दो क्रय केंद्र अनुमोदित किए हैं।
सरकार ने धान का समर्थन मूल्य 2183 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया है। धान के समर्थन मूल्य में 143 रुपये प्रति क्विंटल का इजाफा किया गया है। पिछले साल धान की खरीद 2040 रुपये प्रति क्विंटल की गई थी। मोटे अनाज में ज्वार का समर्थन मूल्य 3225 व बाजरा का समर्थन मूल्य 2500 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया है।
धान व मोटे अनाज की बिक्री के लिए किसानों को पंजीयन कराना होगा। प्रभारी जिला विपणन अधिकारी समीर शुक्ला ने बताया कि किसान किसी भी जन सेवा केंद्र पर जाकर रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। इसके लिए आधार कार्ड व खतौनी होना आवश्यक है। एक ही पंजीयन में धान व मोटे अनाज का पंजीयन हो जाएगा।
जसपुरा में ज्वार व बाजरा का एक-एक केंद्र खोला जाएगा। अतर्रा व बांदा में ज्वार का एक-एक और तिंदवारी में ज्वार व बाजारा के एक-एक केंद्र खुलेंगे। नरैनी में ज्वार का एक केंद्र खुलेगा।