नवारा में लंच पैकेट की आस में बैठे बच्चे और अन्य बाढ़ पीड़ित।
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बांदा। मध्य प्रदेश की घाटियों और गंगऊ व बरियारपुर बांधों के जल संग्रह क्षेत्रों में पिछले 24 घंटे से बारिश थम जाने से बांधों के जल स्तर और नदी में डिस्चार्ज हो रहे पानी में गिरावट शुरू हो गई है। लगभग एक लाख क्यूसिक डिस्चार्ज घटा है। उधर, केन नदी भी लाल निशान से 6 मीटर ऊपर 110 मीटर पर थम गई। अब इसके घटने के आसार हैं। अलबत्ता चिल्ला घाट में यमुना नदी बढ़ रही है। यह खतरे का निशान 100 मीटर पार करके 102 मीटर पर पहुंच गई है। केंद्रीय जल आयोग ने अभी इसके और बढ़ने का अनुमान जताया है। रविवार को गंगऊ का जल स्तर तीन फिट घटकर 746.6 फिट पर आ गया। बांध से डिस्चार्ज हो रहा पानी भी लगभग 90 हजार क्यूसिक घटकर 4,07,039 क्यूसिक हो गया। इसी तरह बरियारपुर का जल स्तर 627 से दो फिट घटकर 625 पर आ गया। इससे केन नदी में छूट रहे पानी में करीब एक लाख क्यूसिक की कमी आई है। रविवार को इस बांध से 4,78,399 क्यूसिक पानी डिस्चार्ज हो रहा था।