संवाद न्यूज एजेंसी
चित्रकूट। विधायक अब्बास अंसारी से पत्नी निखत बानो की जेल में गैरकानूनी मुलाकातों के मददगारों को रुपये मुहैया कराने वाले वाराणसी निवासी अकाउंटेंट शहबाज आलम को पुलिस ने गिरफ्तार किया है।
रविवार को चित्रकूटधाम मंडल के डीआईजी विपिन कुमार मिश्रा और एसपी वृंदा शुक्ला ने बताया कि शहबाज काले धन को एक नंबर की रकम बनाने के लिए भी ऑनलाइन ट्रांजेक्शन किया है। यह मनी लॉड्रिंग का भी मामला बनता है। इसकी जांच के लिए ईडी और आयकर विभाग से भी मदद ली जाएगी। संभावना है कि बांदा जेल में बंद माफिया मुख्तार अंसारी के लिए भी मददगारों को इसने रुपये पहुंचाए होंगे। चित्रकूट जिला जेल के अधीक्षक, जेलर, डिप्टी जेलर, वार्डर, सपा नेता के भी खातों का मिलान कराया जा रहा है। इनको बाहर से आने वाली रकम और महंगे गिफ्ट खरीदने की जांच की जा रही है।
डीआईजी ने बताया कि शहबाज ने रोशनी बानो व अशफ शाह के नाम के दो खातों से 92 और 87 लाख रुपये के ट्रांजेक्शन किए हैं। जांच में पता चला कि इन खातों के नाम फर्जी हैं। इनके पते पर पहुंची पुलिस टीम ने जानकारी मांगी तो ये सब हैरान रह गए। कहा कि उनका कोई खाता नहीं है। दोनों खाते सीज कर दिए गए हैं।
इस तरह अब्बास व मुख्तार अंसारी का यह फर्जीवाड़ा करने वाला गिरोह मऊ, गाजीपुर, वाराणसी, आजमगढ़, जौनपुर व दिल्ली से भी संचालित है। पूछताछ में शहबाज ने बताया है कि इन रुपयों का उपयोग जेल अधिकारियों को नकदी, उपहार, मुकदमों की पैरवी करने वाले व अन्य मददगारों के लिए किया जाता है। इस धन के लेन-देन का पूरा जिम्मा निखत के चालक नियाज का होता था। गौरतलब है कि नियाज चित्रकूट जेल में बंद है।