बांदा। डीएम के निरीक्षण में सोमवार को सुबह औषधि भंडार कक्ष बंद मिला। उन्होंने परिसर में लगे सभी सीसीटीवी को संचालित करने के निर्देश दिए। ह्दय रोग विभाग के डॉक्टर शिशिर चतुर्वेदी के ड्यूटी पर देरी आने पर नाराजगी जताई। निरीक्षण में तीन डॉक्टर भी अनुपस्थित पाए गए। उनका एक दिन का वेतन रोकने का निर्देश दिया है।
डीएम दुर्गा शक्ति नागपाल सोमवार को सुबह 8:45 बजे जिला अस्पताल पहुंची। वह करीब एक घंटा रहीं। उन्होंने औषधि भंडारण कक्ष, सीएमएस कार्यालय, चिकित्सकों की उपस्थिति, पुरुष व महिला वार्ड, एक्सरे व अल्ट्रासाउंड कक्ष का निरीक्षण किया। उन्हें औषधि भंडारण कक्ष बंद मिला।
सीएमएस कक्ष से अस्पताल में संचालित कैमरोंससे निगरानी का निरीक्षण करते हुए सभी कैमरों को संचालित रखने के निर्देश दिए। डॉ. मोहित, डॉ. देव, डॉ. हदेश सिंह पटेल अनुपस्थित मिले। डीएम ने सीएमएस डॉ. आरके गुप्ता से कहा कि सभी पैरा मेडिकल स्टाफ, नर्स व चिकित्सक समय से अस्पताल में ड्यूटी में उपस्थित रहें।इमरजेंसी वार्ड में भर्ती मरीजों को तत्काल चिकित्सा की सुविधा उपलब्ध कराने एवं नियमित देखभाल के भी निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान नगर मजिस्ट्रेट मौजूद रहे।
बच्चा, बर्न व एनआरसी में भर्ती मरीजों का लिया हालचाल
डीएम ने दवा वितरण केंद्र में उपलब्ध दवाओं का स्टाक रजिस्टर भी देखा। महिला वार्ड और पुरुष वार्ड का निरीक्षण कर भर्ती महिला मरीजों से अस्पताल की चिकित्सा सुविधा के बारे में पूछा। बर्न वार्ड में भर्ती मरीजों, एनआरसी सेंटर में भर्ती बच्चों को दी जा रही चिकित्सा सुविधा का निरीक्षण किया।
मेडिकल काॅलेज के रेडियोलॉजिस्ट को करें अटैच
डीएम ने पैथोलॉजी में प्रतिदिन कितनी खून की जांच की जा रही है तथा जांच रिपोर्ट समय से दिए जाने को चेक किया। जांच रिपोर्ट वितरण का अलग से विवरण तैयार करने के लिए कहा। उन्होंने एक्सरे व अल्ट्रासाउंड कक्ष का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान तीन एक्सरे मशीन संचालित पाई गईं। 30 एक्सरे किए मिले। उन्होंने अल्ट्रासाउंड व एक्सरे के मरीजों की संख्या अधिक होने पर सीएमएस को मेडिकल कॉलेज से रेडियोलॉजिस्ट को अटैच कराने के निर्देश दिए।