बांदा। बैंक का दो लाख कर्ज और बिजली विभाग के चार लाख रुपये जुर्माना से परेशान किसान ने खेत में जहर खाकर जान दे दी। दोनों की अदायगी के लिए किसान पर दबाव था।
नरैनी के पटेल नगर निवासी राम सुहावन (55) ने रविवार की देर शाम खेत में जहर खा लिया। खबर मिलने पर परिजन सीएचसी नरैनी लाए। वहां से चिकित्सकों ने जिला अस्पताल रेफर कर दिया। इलाज के दौरान कुछ ही देर में दम तोड़ दिया।
पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम कराया। मृतक के पुत्र राजेश के मुताबिक राम सुहावन के नाम तीन बीघा जमीन है। उसी में ट्यूबवेल लगा है। तीन साल पहले इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक से डेढ़ लाख रुपये कर्ज लिया था। अब यह बढ़कर दो लाख रुपये से ज्यादा हो गया।
उधर, लगभग डेढ़ साल पहले बिजली विभाग की विजिलेंस टीम ने उसके नलकूप पर छापा मारा था और ओवरलोड बताकर चार लाख रुपये जुर्माना कर रिकवरी नोटिस जारी की थी। इसके विरुद्ध उसने अदालत में मुकदमा दायर किया था।
मुकदमे में 41 हजार रुपये जमा करने पड़े थे। तीन साल से दैवी आपदा से खेती चौपट होनेख् बैंक कर्ज और बिजली विभाग के जुर्माने को लेकर तनाव में थे। उसके तीन पुत्र खेती चौपट होने से प्राइवेट वाहन चलाकर गुजारा करते हैं। एसडीएम सीएल सोनकर का कहना है कि नायब तहसीलदार को पीड़ित परिवार के घर भेजा गया है। जांच कराई जा रही है।