बांदा। दलित किशोरी से छेड़छाड़ के दो आरोपियों को अदालत ने दोष सिद्ध पाते हुए चार-चार साल का सश्रम कारावास और 25-25 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई। कोतवाली देहात क्षेत्र के गांव की महिला ने दर्ज कराई रिपोर्ट में कहा था कि गांव का राजेंद्र सिंह पुत्र मंगू सिंह और जितेंद्र सिंह पुत्र प्रताप सिंह (फतेहपुर) ने 9 अक्तूबर 2014 को नशे की हालत में घर में घुसकर उसकी 17 वर्षीय पुत्री को बुरी नियत से दबोच लिया और अश्लील हरकत करने लगे।
शोर मचाने पर वह बचाने पहुंची तो उसकी पिटाई की और भाग निकले। अदालत में दोनों के विरुद्ध धारा 452, 354, 323, 504, 506 और एससीएसटी व पास्को एक्ट के तहत आरोप पत्र दाखिल किया गया। त्वरित न्यायालय प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश शाम कुमार की अदालत में सुनवाई के दौरान सहायक शासकीय अधिवक्ता मिस्कीन अली ने चार गवाह पेश किए।
दोनों पक्षों को सुनने के बाद अदालत ने दोनों अभियुक्तों को दोष सिद्ध पाते हुए सजा व जुर्माना से दंडित किया। जुर्माना अदा न करने पर 4-4 माह की अतिरिक्त सजा काटनी होगी। धारा 323/34 व पास्को एक्ट में बरी कर दिए गए।