पड़ोसी के दरवाजे पर युवती के फंदे पर लटके मिलने के मामले में पांच सगे भाइयों समेत 9 पर हत्या व षडयंत्र रचने समेत कई संगीन धाराओं में पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की है। नामजद आरोपियों में चार महिलाएं भी शामिल हैं। उधर, आरोपियों की गिरफ्तारी न होने से नाराज परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया। शव रखकर पुलिस के खिलाफ नारे लगाए। कोतवाली प्रभारी के आश्वासन पर परिजनों ने 24 घंटे बाद शव का अंतिम संस्कार किया।
गुरुवार की रात नरैनी कोतवाली क्षेत्र के देबिन नगर मोहल्ला निवासी गीता वर्मा (22) पत्नी सतीश कुमार को पड़ोसी के दरवाजे पर लगी खूंटी पर ग्रामीणों ने फंदे पर लटका देखा। पुलिस ने शव को उतार कर सीएचसी पहुंचाया। शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद शव लेकर परिजन घर लौट आए। मृतका के पिता छोटेलाल वर्मा ने कथित प्रेमी पर मारपीट कर गला घोंटकर हत्या करने का आरोप लगाते हुए अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया।
मामले को तूल पकड़ते देख रविवार को पिता छोटेलाल वर्मा की तहरीर पर कोतवाली में मुख्य आरोपी अनिल बाबू उर्फ बड़ा राजू समेत रामबाबू, उसकी पत्नी सुमनलता व पुत्री नूतन, श्यामबाबू, उसकी पत्नी कुसुमकली, रविंद्रबाबू उर्फ छोटा राजू, सुनील बाबू उर्फ कल्लू पुत्रगण द्वारिका श्रीवास व मां रानी बहू के खिलाफ हत्या समेत अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली। इसके बाद आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर परिजनों ने शव घर के बाहर रखकर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की। आरोपियों की गिरफ्तारी न होने तक शव का अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया। हंगामे की सूचना पाकर कोतवाली प्रभारी निहाल अहमद पहुंच गए। कोतवाली प्रभारी द्वारा आरोपियों की गिरफ्तारी का आश्वासन मिलने के बाद परिजन मान गए और शव का अंतिम संस्कार कर दिया।