बांदा। एमए की छात्रा ने घर में फांसी लगाकर जान दे
दी। पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम कराया है। परिजन आत्महत्या की
वजह डिप्रेशन बता रहे हैं।
शहर के सर्वोदय नगर निवासी प्रांजलि (23)
पंडित जेएन महाविद्यालय में एमए अंग्रेजी की द्वितीय वर्ष की छात्रा थी।
पिता पीतांबर सिंह सीआरपीएफ में एएसआई हैं। वह चेन्नई में तैनात हैं।
दो दिन पहले छुट्टी पर घर आए हैं। बुधवार को सुबह देर तक प्रांजलि के कमरे का दरवाजा न खुलने पर कोतवाली में सूचना दी।
पुलिस
ने दरवाजा तोड़कर देखा तो सीलिंग हुक पर प्रांजलि का शव दुपट्टा और रस्सी
से फांसी पर टंगा था। पीतांबर सिंह ने बताया कि प्रांजलि काफी दिनों से
डिप्रेशन में थी। पहले उसका इलाज ग्वालियर में कराया। इस समय कानपुर के एक
मनोचिकित्सक के यहां इलाज चल रहा था।
प्रांजलि की शादी हाल ही में
बांदा के ही तनगामऊ गांव में तय हुई थी। बुधवार को उसके विवाह कामुहूर्त
(तिथि) तय करने की बात चल रही थी। इसी बीच उसने आत्महत्या कर ली। पिता के
मुताबिक मंगलवार को देर शाम वह घर से निकल गई थी।
देर तक वापस न
आने पर कोतवाली में सूचना दी गई थी, लेकिन बाद में वह वापस आ गई थी।
परिजनों के मुताबिक एक बार पहले भी प्रांजलि ने फांसी लगाने की कोशिश की
थी। अक्सर जान देने की बात कहती थी। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने शव
परिजनों को सौंप दिया।