एक्सप्रेस ट्रेन से कटकर किशोर की मौत हो गई। बेटे को बचाने की कोशिश में पिता गंभीर रूप से घायल हो गया। जीआरपी ने घायल को जिला अस्पताल में भर्ती कराया है।
बिसंडा थाना क्षेत्र के चौसड़ गांव निवासी बाबूलाल (40) पुत्र बद्री प्रसाद सोमवार को रात पुत्र जितेंद्र उर्फ बृजेश (15) का इलाज कराकर इलाहाबाद से सुपर फास्ट तुलसी एक्सप्रेस से घर लौट रहे थे। अतर्रा स्टेशन आने पर पिता-पुत्र बोगी के दरवाजे पर खड़े हो गए।
भीड़ अधिक होने पर किसी यात्री का धक्का लग गया और बृजेश ट्रेन के नीचे आ गया। पिता ने हाथ पकड़ कर उसे बचाने की कोशिश की। इसी प्रयास में वह भी गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। बृजेश की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। सूचना पाकर पहुंची जीआरपी ने पंचनामा भरकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
घायल को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उसे जिला अस्पताल भेज दिया। पिता के मुताबिक बृजेश उसका इकलौता पुत्र था। गांव के स्कूल में सातवीं कक्षा का छात्र था। पुत्र की मौत से मां माया और बहन विनीता का रो-रोकर बुरा हाल है।