बांदा/नरैनी। यूपी-एमपी की सरहद पर स्थित बालू की खदानों में वर्चस्व को लेकर खनन माफिया के बीच हाल ही में हुई गोलीबारी के बाद पुलिस और प्रशासन की नींद टूटी। प्रशासन और पुलिस के अफसरों ने घाट पर छापा मारा। बालू भरने आए तमाम ट्रक मध्य प्रदेश की ओर भाग गए। दो ट्रकों को पुलिस और अफसरों ने पकड़कर सीज कर दिया।
नरैनी क्षेत्र मेें यूपी-एमपी सीमा पर बालू का खनन हो रहा है। एमपी की सीमा में आने वाली चांदीपाटी खदान पर मध्य प्रदेश के बालू कारोबारी और माफिया खनन करा रहे हैं। दूसरी तरफ यूपी (बांदा) की सीमा में स्थित बिल्हरका गांव की बालू खदान में यहां के बालू कारोबारी और माफिया खनन करा रहे हैं। इनमें कुछ सफेदपोश भी शामिल हैं।
दोनों तरफ से दिन-रात अवैध खनन कर सैकड़ों ट्रक बालू बेंची जा रही है। इससे राजस्व के साथ पर्यावरण को भी नुकसान पहुंच रहा है। सोमवार की रात चांदीपाटी और बिल्हरका (यूपी-एमपी) के बालू माफियाओं ने खदान के रास्ते को लेकर जंग छिड़ गई।
दोनों ओर से करीब चार घंटे फायरिंग हुई। केन नदी की तलहटी पर सब्जी की फसल बोये किसानों ने भाग कर जान बचाई। फायरिंग की यह खबर ‘अमर उजाला’ में 13 अप्रैल को प्रमुखता से प्रकाशित हुई। खबर के बाद प्रशासन की नींद टूटी। शुक्रवार की रात करीब 10 बजे नरैनी (बांदा) एसडीएम महेंद्र सिंह और पुलिस उपधीक्षक डॉ. राकेश मिश्र ने पुलिस फोर्स के साथ बिल्हरका घाट में छापा मारा। बालू भरने को खड़े ट्रकों में भगदड़ मच गई। अधिकांश ट्रक मध्य प्रदेश की ओर भाग गए। दो ट्रक पुलिस के हाथ लग गए। उन्हें पकड़कर सीज कर दिया
एमपी के रवन्ने से यूपी मेें हो रहा खनन
बांदा। सीमावर्ती मध्य प्रदेश के कुरधना घाट से हो रहे बालू खनन और ओवरलोडिंग के विरुद्ध सपा जिला सचिव राजेंद्र यादव ने डीएम को पत्र देकर अवैध खनन और ओवरलोडिंग रोकने तथा इसमें संलिप्त लोगों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है। शनिवार को सपा महासचिव ने डीएम को दिए पत्र में कहा है कि नरैनी क्षेत्र की सीमा पर केन नदी के उस पार एमपी का कुरधना घाट है।
यहां से रात-दिन ओवरलोड ट्रक यूपी में बिना सेल टैक्स जमा किए नरैनी व गिरवां थाना क्षेत्रों से निकल रहे हैं। जिले की सड़कें ध्वस्त हो रही हैं। यूपी सरकार को राजस्व का भी नुकसान हो रहा है। सपा नेता ने यह भी कहा कि मध्य प्रदेश के मवई के घाट के नाम से यूपी के गिरवां क्षेत्र में बांदा की सीमा पर एमपी के रवन्ने से अवैध खनन किया जा रहा है। उन्होंने मांग की कि बगैर सेल टैैक्स अदा किए, ओवरलोडिंग तथा एमपी के रवन्ने पर यूपी से खनन कराने वाले बालू माफिया के खिलाफ कार्रवाई करें।