बांदा। पारस घी में मिलावट पाए जाने पर अपर जिला मजिस्ट्रेट की अदालत ने कंपनी पर 25 हजार रुपये जुर्माना किया है। विक्रेता और थोक विक्रेता को चेतावनी देकर बरी कर दिया गया। सरसों का तेल और घी के अन्य चार मामलों में 50-50 हजार रुपये जुर्माना किया गया है।
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन के अभिहीत अधिकारी चंद्रशेखर मिश्रा ने बताया कि गूलरनाका स्थित ओमप्रकाश अग्रवाल की दुकान से पारस घी का सैंपल भरा गया था। सब्जी मंडी स्थित थोक विक्रेता तुलसीदास साहू की दुकान में बड़ी मात्रा में पारस कंपनी का घी पैकेटों और डिब्बों में स्टाक मिला था। आगरा स्थित विश्लेषण केंद्र में सैंपलों की जांच हुई। इसमें गड़बड़ी पाई गई। इस पर एडीएम कोर्ट में विक्रेता, थोक विक्रेता तथा संडीला (हरदोई) की पारस घी निर्माता कंपनी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया।
उधर, बबेरू के व्यवसायी अतुल सचान पर 50 हजार रुपये जुर्माना हुआ है। खाद्य सुरक्षा टीम ने इस व्यापारी के यहां सैंपल भरकर जांच के लिए भेजा था। रिपोर्ट में सरसों का तेल मानक के विपरीत पाया गया।
इसी तरह सरसों के तेल में मिलावट पर नहरी (नरैनी) के शिव कुमार गुप्ता को 30 हजार रुपये जुर्माना से दंडित किया गया है। व्यवसायी पुरुषोत्तम गुप्ता (ओरन) पर सरसों तेल में मिलावट का दोषी पाने पर 50 हजार रुपये जुर्माना किया। उधर, हीरू यादव की बबेरू रोड स्थित दूध डेयरी के घी में गड़बड़ी पाए जाने पर 50 हजार रुपये जुर्माना किया गया।