अमर उजाला ब्यूरो
बांदा। नासिक में गिरफ्तार पंजाब आर्मरी के डकैतों को रिमांड पर लेने के लिए स्थानीय पुलिस को खासी मशक्कत करना पड़ रही है। प्रभारी निरीक्षक ने बी-वारंट नासिक की अदालत में दाखिल कर रखा है। लेकिन महाराष्ट्र पुलिस की जांच पूरी होने तक रिमांड नहीं दिया जा रहा। उधर, पंजाब आर्मरी संचालक को पुलिस ने दुकान के अभिलेख वापस कर दिए। घटना के बाद से लगातार बंद चल रही दुकान अब खोली जा सकेगी।
पंजाब आर्मरी की डकैती महाराष्ट्र पुलिस से कहीं ज्यादा बांदा पुलिस के लिए चुनौती भरी है। पकड़े गए तीनों डकैतों से फिलहाल एक पखवारे से महाराष्ट्र पुलिस पूछताछ कर रही है। उन्हें 14 से 28 दिसंबर तक रिमांड पर लिया था। बाद में नासिक पुलिस ने रिमांड अवधि और बढ़ा ली। बांदा कोतवाली प्रभारी शशि कुमार पांडेय ने बताया कि बांदा की अदालत से बी-वारंट प्राप्त कर नासिक की अदालत में दाखिल कर दिया है।
महाराष्ट्र पुलिस का रिमांड पूरा हो जाने के बाद ही अभियुक्त बांदा पुलिस को मिल सकेंगे। बताया कि 15 दिन बाद नासिक की अदालत में दोबारा अर्जी दी जाएगी।
उधर, पंजाब आर्मरी संचालक द्वारा दो दिनों पूर्व अपर जिलाधिकारी को दी गई अर्जी में पुलिस द्वारा अपने कब्जे में ले रखे गए दुकान के अभिलेख और रजिस्टर आदि वापस दिलाए जाने की अर्जी के बाद अभिलेख दुकानदार को वापस कर दिए गए हैं। यह जानकारी कोतवाली प्रभारी ने दी।
-पंजाब आर्मरी डकैतों को रिमांड पर लेने की कवायद
-एक पखवारे बाद दुकान के रिकॉर्ड पुलिस ने किए वापस