बांदा। दलित युवती के साथ दुराचार के जुर्म मेें अदालत ने अभियुक्त को 10 वर्ष की कैद और पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा दी है। जुर्माना अदा न करने पर तीन माह और जेल में बिताना होंगे। बबेरू नगर की युवती ने दिसंबर 2003 में अपने साथ हुए दुराचार की रिपोर्ट 23 मार्च 2004 को दर्ज कराई।
पुलिस ने विवेचना के बाद आरोप पत्र दाखिल कर दिया। ज्येष्ठ अभियोजन अधिकारी ने पांच गवाह पेश किए। बृहस्पतिवार को विशेष न्यायाधीश (एससी/एसटी एक्ट) हरिनाथ पांडेय ने अभियुक्त गोरीलाल उर्फ बट्टा पुत्र मुलुवा को धारा 376 मेें 10 वर्ष की कैद और पांच हजार रुपये जुर्माना, एससीएसटी एक्ट में तीन वर्ष की और तीन हजार रुपये जुर्माना।
जुर्माना न देने पर तीन माह की कैद से दंडित किया। सभी सजाएं एक साथ चलेंगी। धारा 506 में बरी कर दिया।