बांदा। मोटर दुर्घटना न्यायाधिकरण ने आदेशों की अवहेलना पर चित्रकूट पुलिस अधीक्षक का अगले आदेश तक वेतन रोकने का आदेश दिया है। आदेश की एक प्रति जिलाधिकारी और मुख्य कोषाधिकारी को भेजी गई है।
विशेष शासकीय अधिवक्ता अतुल कुमार शुक्ला ने बताया कि चंदा देवी बनाम राजकिशोर व अन्य के मामले में मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकरण ने 29 अप्रैल 2015 को आदेश पारित किया था। बताया कि पुलिस अधीक्षक चित्रकूट और डीआईजी लखनऊ वादी को 5,01,400 रुपये क्षतिपूर्ति और याचिका दाखिल करने की तिथि से 7 फीसदी वार्षिक ब्याज के साथ दिलाएं।
लेकिन सात साल बीतने के बाद भी राशि न्यायाधिकरण में जमा नहीं की गई। इस प्रकरण की सुनवाई करते हुए न्यायाधीश धर्मेंद्र कुमार ने आदेश दिए हैं कि जब तक पारित आदेश के अनुरूप धनराशि की वसूली नहीं होती तब तक के लिए एसपी चित्रकूट का वेतन रोका जाता है। अगली तिथि 17 नवंबर नियत की है। आदेश की प्रति जिलाधिकारी चित्रकूट व मुख्य कोषाधिकारी को भेजी गई है।