बांदा। सैमरी नाले के पास मिला शव स्नातक छात्र का था। उसकी शिनाख्त मामा ने सोशल मीडिया पर वायरल फोटो से की। उन्होंने छात्र की हत्या की आशंका जताई है। कहा कि उसकी बबेरू कोतवाली में गुमशुदगी दर्ज कराई थी, लेकिन पुलिस ने समय रहते खोजबीन नहीं की।
मूलरूप से फतेहपुर जिले के सुमालीपुर गांव निवासी कुंभकरण का पुत्र अखिलेश (23) बबेरू कोतवाली क्षेत्र के मनोरथ थोक स्थित ननिहाल में रहता था। वह बीए द्वितीय वर्ष का छात्र था। शनिवार (27 अगस्त) को वह घर से घूमने के लिए निकला था, फिर नहीं लौटा।
29 अगस्त को सुबह तिंदवारी रोड पर सैमरी नाले के पास पुलिस ने शव बरामद किया। घटनास्थल के पास शराब की खाली बोतलें व जहर की शीशी बरामद की। शव की शिनाख्त न होने पर पुलिस ने अज्ञात में दर्जकर मोर्चरी में रखवा दिया। सोशल मीडिया पर फोटो वायरल होने पर मामा ईश्वरी प्रसाद कोतवाली पहुंचे और कपड़ों से शिनाख्त की। गुरुवार को शव का पोस्टमार्टम कराया गया।
मामा ईश्वरी प्रसाद का कहना है कि साजिश के तहत अखिलेश की हत्या की गई है। आरोप लगाया कि शराब में जहर मिलाकर पिलाया गया। हालांकि किसी से रंजिश होने की बात से उन्होंने इनकार किया है। अखिलेश एकलौता बेटा था।
पिता और मां सुमन देवी सुमालीपुर में ही रहकर खेतीबाड़ी करते हैं। बहन वंदना भी ननिहाल में रहकर पढ़ाई कर रही है। कोतवाली इंस्पेक्टर अरुण कुमार पाठक ने बताया कि तहरीर मिलने पर जांच की जाएगी।