फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बांदा : शादी अनुदान की राह देख रहे लोगों को लगा झटका, मूल बजट में पिछड़े वर्ग के निर्धन लोगों की बेटियों की शादी के लिए प्रावधान नहीं

विज्ञापन
विज्ञापन
बांदा। सरकार ने मूल बजट में पिछड़े वर्ग के निर्धन लोगों की बेटियों की शादी के लिए आर्थिक सहायता योजना के तहत कोई प्रावधान नहीं होने के कारण धन देने से मना कर दिया है। इस फैसले से बुंदेलखंड में अनुदान की राह देख रहे हजारों लोगों को झटका लगा है।
विज्ञापन

बसपा शासन काल के दौरान बीपीएल श्रेणी के व्यक्तियों को पुत्रियों की शादी में 20 हजार रुपये की मदद के लिए शादी अनुदान योजना आरंभ हुई थी। यह योजना खासकर पिछड़ा वर्ग के लोगों में काफी सराही गई, क्योंकि कर्ज लेने के बजाय इस पैसे की मदद से विवाह करने में काफी मदद मिल जाती थी। मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के बजाय अधिकांश लाभार्थी इसी योजना का इंतजार करते थे।
पिछले वर्ष मंडल मुख्यालय में 753 से अधिक लाभार्थियों ने इस योजना का लाभ लिया। इस समय भी 800 से अधिक लोग आवेदन कर चुके हैं, लेकिन पिछले सप्ताह अनु सचिव ने पिछड़ा वर्ग कल्याण के निदेशक को भेजे पत्र में 2022-23 के अंतर्गत पिछड़े वर्ग के निर्धन व्यक्तियों की बेटियों की शादी के लिए आर्थिक सहायता संबंधी कोई प्रावधान नहीं होने की बात कहते हुए पूर्व में जारी बजट वापस करने के लिए कहा है। जिला पिछड़ा वर्ग अधिकारी गीता सिंह का कहना है कि योजना के लिए अभी बजट जारी नहीं हुआ है।
विज्ञापन

पोर्टल में हो रहे आवेदन
एक तरफ सरकार इस योजना के तहत किसी बजट के प्रावधान न होने की बात कह रही है। वहीं, इसके अंतर्गत पंजीकरण के लिए पोर्टल शनिवार को भी खुला रहा। पोर्टल पर पंजीकरण कराने के लिए आवेदक को न्यूनतम छह सौ रुपये तक खर्च करना पड़ता है।
अनुदान में 20 हजार से मिलती बड़ी राहत
खप्टिहा कलां के बुद्धराज यादव का कहना है कि उन्होंने अपनी भतीजी की शादी के लिए पोर्टल पर आवेदन किया है। अनुदान में बीस हजार मिलने से बड़ी राहत मिल जाती है। वहीं, राम सुुमेर कुशवाहा ने बताया कि शादी अनुदान योजना के तहत अनुदान आएगा, तभी वह बेटी की शादी करेंगे। अभी उन्हें जानकारी नहीं है कि योजना पर विराम लग गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें