बांदा। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने शनिवार को कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय परिसर में स्थापित पॉली हाउस का निरीक्षण किया। यहां उगाए जा रहे टमाटर, चेरी टमाटर, शिमला मिर्च आदि का अवलोकन किया। उन्होंने कहा कि यहां तैयार मॉडल को किसानों के बीच ले जाएं। उन्हें इस तरह से खेती करने के लिए प्रेरित करें। विश्वविद्यालय को और शोध करने के लिए जो जरूरत हो उसका प्रस्ताव बनाकर भेजें।
उप मुख्यमंत्री ने विश्वविद्यालय में उगाए गए प्याज की सराहना की। लहसुन देखकर सवाल किया कि यहां एक पोथी वाले लहसुन की खेती होती है या नहीं? अधिकारियों ने बताया कि पहाड़ी क्षेत्र में होती है, यहां नहीं। 12 मास होने वाली सहजन की खेती और उसके औषधीय गुण के बारे में भी पूछा। पांच एकड़ पर स्थापित समन्वित खेती प्रणाली में मछली पालन, पशु पालन, सब्जी उत्पादन, खेती किसानी का भी अवलोकन किया। सब्जी विज्ञान के विभागाध्यक्ष डॉ. आरके सिंह ने बताया कि एक पॉली हाउस की लागत चार लाख रुपये आई है। सिंचाई के लिए स्प्रिकलर सेट लगे हुए हैं।
इस अवसर पर कुलसचिव डॉ. एसके सिंह, निदेशक प्रशासन एवं अनुश्रवण डॉ. बीके सिंह, वित्त नियंत्रक डॉ. अजीत कुमार सिंह, अधिष्ठाता कृषि महाविद्यालय डॉ. जीएस पंवार, अधिष्ठाता उद्यान महाविद्यालय डॉ. एसवी द्विवेदी, अधिष्ठाता वानिकी महाविद्यालय डॉ. संजीव कुमार, शस्य विज्ञान विभागाध्यक्ष डॉ. नरेंद्र सिंह, सीओ अंबुजा, डॉ. बीएस राजपूत आदि मौजूद रहे।
इसके अलावा बबेरू कस्बे के सुखदेव सिंह लवकुश महाविद्यालय के सभागार का उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने उद्घाटन किया। इस पर पूर्व विधायक चंद्रपाल कुशवाहा ने केशव प्रसाद मौर्य को राम, लक्ष्मण, सीता हनुमान की प्रतिमा भेंट की।