बांदा। सरकारी और निजी अस्पतालों में बुखार पीड़ितों की संख्या बढ़ती जा रही है। सोमवार को जिला अस्पताल में 14 और रानी दुर्गावती मेडिकल कॉलेज में 11 बुखार पीड़ित गंभीर हालत में भर्ती हुए। इन्हें लगातार तेज बुखार बना हुआ है। खून की जांच में प्लेटलेट्स कम मिले हैं। डॉक्टर वायरल फीवर मान रहे हैं। एहतियातन इनकी डेंगू की जांच नहीं कराई जा रही।
जिला अस्पताल की ओपीडी में करीब 1200 मरीज इलाज कराने पहुंचे। इनमें करीब 25 फीसदी बुखार पीड़ित रहे। फिजीशियन डॉ. एसडी त्रिपाठी और डॉ. हृदयेश पटेल ने इनका इलाज किया। ट्रामा सेंटर में डॉ. विनीत सचान ने बुखार के गंभीर मरीजों को भर्ती किया।
इनमें पतवन गांव के उमेश (23), करहिया के प्रदीप (39), रिसौरा के सत्येंद्र (17), उमरेंहडा के जनक (35), पुनाहुर के अरुण (13), भदावल गांव के नितिन (15) शामिल हैं। इसी तरह बबेरू की शांति (65) व राममिलन (59), बिसंडा के गुलाब कुमार (70), मऊ टिटिहरा गांव निवासी सुरेंद्र प्रताप (41), सहूरपुर गांव के मंगली (55) को भी बुखार से गंभीर हालत में भर्ती कराया गया है।
रानी दुर्गावती मेडिकल कालेज में की ओपीडी में 1159 मरीज इलाज कराने पहुंचे। इनमें करीब 200 से ज्यादा बुखार पीड़ित थे। गंभीर 11 मरीजों को भर्ती किया गया है। हालांकि इनमें डेंगू के लक्षण नहीं बताए गए।
जिला अस्पताल में भर्ती बुखार के मरीज
29 सितंबर : 15 मरीज
30 सितंबर : 17 मरीज
01 अक्तूबर : 10 मरीज
02 अक्तूबर : 13 मरीज
03 अक्तूबर : 14 मरीज