बांदा। कोर्ट, शासन और मंत्री की रोक के बावजूद जिला अस्पताल के डाक्टरों की प्राईवेट प्रैक्टिस खुलेआम जारी रखने के विरोध में बुंदेलखंड नवनिर्माण सेना ने प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री को ज्ञापन भेजकर कार्रवाई की मांग की है। शुक्रवार को सेना ने अपर जिलाधिकारी को यह ज्ञापन सौंपा। इसमें कहा गया कि सरकारी डाक्टर प्राईवेट प्रैक्टिस करके बुंदेलखंड के गरीबों का शोषण कर रहे हैं। इसके अलावा पैथालॉजी और एक्सरे वालों से कमीशन लेते हैं। बाहर की दवाएं लिखकर भी कमीशनबाजी की जा रही है। निर्माण सेना ने मंत्री से डाक्टरों की निजी प्रैक्टिस पर रोक लगाने और इन्हें सरकार द्वारा दिया जा रहा एनपीए की रिकवरी कराने सहित चार मांगें की हैं। ज्ञापन देने वालों में रवि श्रीवास्तव, सिराजुद्दीन, राहुल कुशवाहा, श्याम प्रजापति, शैलेश कुमार, नजरे आलम, मुमताज बेगम, आनंद कुमार सैनी, संजय धुरिया, फैजान वारसी, अमित शुक्ला, साजिद, विवेक, रोहित आदि शामिल हैं।