बलरामपुर। देवीपाटन मंडल में मां पाटेश्वरी देवी राज्य विश्वविद्यालय की स्थापना जिले के कोयलरा व गोपालपुर गांव में ही होगी। मंगलवार को कैबिनेट में हुए फैसले में विश्वविद्यालय के आगे गोंडा लिखे होने से भ्रम की स्थिति हो गई थी। बुधवार को शासन के एक अधिकारी ने स्पष्ट किया कि बलरामपुर में ही जमीन तय है और उसकी खरीद प्रक्रिया चल रही है। निर्माण वहीं होगा, मंडल मुख्यालय होने के कारण गोंडा लिखा गया।
इसी साल फरवरी में सीएम योगी ने देवीपाटन मंडल में राज्य विश्वविद्यालय की स्थापना के लिए बजट में स्वीकृति दी थी। उसके बाद गोंडा या बलरामपुर में स्थापना के मामले ने तूल पकड़ लिया था। बीते छह सितंबर को उच्च शिक्षा विभाग के विशेष सचिव डाॅ. अखिलेश कुमार मिश्र ने जिले के कोयलरा व गोपालपुर में राज्य विवि की स्थापना की स्वीकृति मिलने की जानकारी दी। उन्होंने जिलाधिकारी को पत्र भेजकर किसानों से 20.3620 हेक्टेयर भूमि क्रय करने के लिए अभिलेख मांगे। यही नहीं जमीन क्रय करने पर खर्च होने वाले 16 करोड़ 52 लाख 83 हजार 100 रुपये का आवंटन भी डीएम ने कर दिया।
जमीन क्रय के लिए उच्च शिक्षा विभाग के अनुसचिव यशवंत को नोडल अधिकारी नामित कर दिया गया। इसी के बाद मंगलवार को भ्रम की स्थिति पर सभी अधिकारियों ने कहा कि जमीन जिस जिले की स्वीकृत है, निर्माण वहीं होगा। शासन ने भी गोंडा में भ्रम की स्थिति का संज्ञान लिया है। शासन के एक अधिकारी ने बताया कि मंगलवार रात में विवि. से जुड़े अभिलेखों की छानबीन हुई है। बलरामपुर में ही निर्माण होना है, जल्द ही अधिसूचना जारी होगी। वहीं जिले में विवि. स्थापना की मुहिम से जुड़े सर्वेश सिंह ने बताया कि जिले में ही विश्वविद्यालय का निर्माण तय है। यह पूरे मंडल के लिए खुशी की बात है।
विश्वविद्यालय के लिए भूमि का चयन हो चुका है, अन्य प्रक्रिया चल रही है। शासन स्तर से भी कवायद हो रही है। जल्द ही अधिसूचना जारी होगी।
- अरविंद सिंह, जिलाधिकारी