बलरामपुर। खून की जांच के लिए जिला मेमोरियल अस्पताल की पैथाेलॉजी में लगी बॉयोकेमेस्ट्री मशीन कई दिनों से खराब है। इससे अस्पताल में किडनी, लिवर, शुगर, यूरिक एसिड व कोलेस्ट्रॉल आदि की जांच नहीं हो पा रही है। कर्मचारी मशीन खराब होने की बात कहकर मरीजों को लैब से वापस कर देते हैं, जिससे उनका दर्द और बढ़ जाता है। मजबूरन मरीजों को निजी लैब में जांच कराने के नाम पर दो हजार रुपये तक खर्च करने पड़ते हैं, लेकिन उनका दर्द समझने वाला कोई नहीं है।
शुक्रवार की सुबह 10.25 बजे पैथाेलॉजी में मरीजों की भीड़ दिखी। मरीज व तीमारदार खून की जांच कराने के लिए लैब के कर्मचारियों से बहस करते मिले। वरिष्ठ लैब टेक्नीशियन आरपी गुप्ता ने बताया कि सीबीसी जांच के लिए सैंपल ले लिए गए हैं। बॉयोकेमेस्ट्री मशीन खराब होने के कारण अन्य जांचें नहीं हो रही हैं।
मरीजों का छलका दर्द
तुलसीपुर से इलाज कराने आईं सुशीला श्रीवास्तव ने बताया कि चिकित्सक ने किडनी व लिवर की जांच लिखी है, लेकिन लैब में जांच नहीं हुई। पर्चा देखते ही कर्मचारियों ने कल आने को कहा है। बड़ा पुल निवासी धीरज मोदनवाल ने बताया कि दो दिन से लैब का चक्कर लगा रहा हूं, मशीन खराब होने की बात कहकर कर्मचारी लौटा देते हैं। संतोषी, सलमा, राबिया व पप्पू ने बताया कि एक जांच अंदर हुई है, चार जांच बाहर कराने में 1650 रुपये खर्च हुए हैं। संदीप ने बताया कि मशीन खराब होने के कारण बिना जांच कराए ही दवा ले ली है।
ठीक कराई जा रही मशीन
मशीन ठीक कराने के लिए इंजीनियर बुला लिया गया है, दोपहर से इंजीनियर मशीन ठीक करने में लगा हुआ है। उम्मीद है कि शनिवार से मरीजों को लैब में जांच की सुविधा मिलने लगेेगी।
- डॉ. एके श्रीवास्तव, सीएमएस