बलरामपुर। नाबालिग से दुष्कर्म के एक मामले में विशेष सत्र न्यायाधीश पॉस्को एक्ट जहेंद्र पाल सिंह की कोर्ट ने आरोपी को दोषी करार माना है। कोर्ट ने दोषी को दस साल के कारावास के साथ ही 70 हजार रुपये का अर्थदंड चुकाने की सजा सुनाई है।
अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता पवन कुमार वर्मा ने बताया कि थाना लालिया में एक महिला ने नाबालिग को अगवा करने का मुकदमा 29 जून 2017 को दर्ज कराया था। इसमें बताया गया था कि 27 जून 2017 को गांव के ही रंजीत अपने साथी सुरेश कुमार के साथ बहला फुसला कर भगा ले गया।
इस मामले में पुलिस ने पीड़िता के मिलने के बाद उसके बयान के आधार पर दुष्कर्म की धाराओं की बढ़ोत्तरी करते हुए आरोप पत्र न्यायालय में पेश किया। कोर्ट ने प्रस्तुत साक्ष्य व गवाही के आधार पर घटना के आरोपी रंजीत को दोषी मानते हुए सजा सुनाई है। जबकि साक्ष्य न मिलने पर कोर्ट ने दूसरे आरोपी सुरेश को मामले से बरी कर दिया।